प्ण् बहुविकल्प प्रश्न ;प्ररूप.प्द्ध 1ण् उत्प्रेरक परिवतिर्त करते हैं - 2ण् उत्प्रेरक की उपस्िथति में, अभ्िावि्रफया के दौरान उफष्मा का अवशोषण अथवा उत्सजर्न ऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध बढ़ता है। ;पपद्ध घटता है। ;पपपद्ध अपरिवतिर्त रहता है। ;पअद्ध बढ़ अथवा घट सकता है। 3ण् रासायनिक अभ्िावि्रफया की सवि्रफयण उफजार् को निधर्रित किया जा सकता है ऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध मानक ताप पर वेग नियतांक का निधर्रण करके। ;पपद्ध दो तापों पर वेग नियंताकों का निधर्रण करके ;पपपद्ध संघट्टð की प्रायिकता का निधर्रण करके ;पअद्ध उत्प्रेरक का प्रयोग करके 4ण् चित्रा 4ण्1 पर विचार कीजिए और सही विकल्प को चिित कीजिए। ;पद्ध अग्र अभ्िावि्रफया की सवि्रफयण उफजार् म् ़ म्है और उत्पाद अभ्िावि्रफयक से कम स्थायी है।;पपद्ध अग्र अभ्िावि्रफया की सवि्रफयण उफजार् म़्म्है और उत्पाद अभ्िावि्रफयकों से अध्िक स्थायी है।;पद्ध अभ्िावि्रफया की गिब्श उफजार् ऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पपद्ध अभ्िावि्रफया की एन्थैल्पी ;पपपद्ध अभ्िावि्रफया की सवि्रफयण उफजार् ;पअद्ध साम्यावस्था स्िथरांक 12 12 ;पपपद्ध अग्र और पश्च दोनों अभ्िावि्रफयाओं की सवि्रफयण उफजार् म़्म्है और अभ्िावि्रफयक उत्पाद से अध्िक स्थायी है।12 ;पअद्ध पश्च अभ्िावि्रफया की सवि्रफयण उफजार् म्है तथा उत्पाद1 अभ्िावि्रफयक से स्थायी हैं। 5ण् नीचे दी गइर् गैस प्रावस्था में प्रथम कोटि की विघटन अभ्िावि्रफया पर विचार कीजिए। ।;हद्ध ⎯→ ठ;हद्ध ़ ब्;हद्ध चित्रा 4ण्1 । के विघटन से पूवर् तंत्रा का प्रारंभ्िाक दाब चथा। ष्जष् समय केप पश्चात तंत्रा का दाब ग इकाइर् बढ़ कर ष्चष् हो जाता है। अभ्िावि्रफया के लिए वेग स्िथरांक ा को लिखाज जा सकता है - 2ण्303 चप;पद्ध ा त्र सवहज चप − ग 2ण्303 च;पपद्ध ा त्र सवह प ज 2चप − चज 2ण्303 च;पपपद्ध ा त्र सवह प ज 2चप ़ चज 2ण्303 चप;पअद्ध ा त्र सवहज चप ़ ग दृम्ं ध्त्ज् 6ण् अरेर्निअस समीकरण के अनुसार । म अभ्िावि्रफया दर स्िथरांक ा के बराबर है। सद ा और 1 ज् के मध्य ग्रापफ को निम्न विकल्पों में से किसके द्वारा प्रदश्िार्त किया जा सकता है। 7ण् 8ण् 9ण् 10ण् निम्नलिख्िात अरेर्नियस समीकरण पर विचार कीजिए और सही विकल्प पर निशान लगाइए। दृम् ध्त्ज् ंा त्र । म ;पद्ध अभ्िावि्रफया स्िथरांक बढ़ती सवि्रफयण उफजार् और घटते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है। ;पपद्ध अभ्िावि्रफया स्िथरांक बढ़ती सवि्रफयण उफजार् और घटते ताप के साथ चरघातांक से कम होता है। ;पपपद्ध अभ्िावि्रफया दर स्िथरांक घटती सवि्रफयण उफजार् और घटते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है। ;पअद्ध अभ्िावि्रफया दर स्िथरांक घटती सवि्रफयण उफजार् और बढ़ते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है। िांक और तनु भ्ब्स की अभ्िावि्रफया मंे बनी हाइड्रोजन के आयतन और समय के मध्य ग्रापफ चित्रा 4ण्2 मंे दिया है। इसके आधर परसही उत्तर पर निशान लगाइए। ट3 − ट2;पद्ध 40 सेवंफड तक औसत दर है 40 ट3 − ट2;पपद्ध 40 सेवंफड तक औसत दर है 40 − 30 ट3;पपपद्ध 40 सेवंफड तक औसत दर है 40 चित्रा 4ण्2 ट − ट;पअद्ध 40 सेवंफड तक औसत दर है 31 40 − 20 अभ्िावि्रफया की कोटि के बारे में कौन - सा कथन सही नहीं है? ;पद्ध अभ्िावि्रफया की कोटि एक भ्िान्नांक हो सकती है। ;पपद्ध अभ्िावि्रफया की कोटि का निधर्रण प्रयोग द्वारा किया जाता है। ;पपपद्ध अभ्िावि्रफया की कोटि सदैव अभ्िावि्रफया के लिए संतुलित रासायनिक समीकरण में अभ्िावि्रफयकों के स्टाॅइकियोमीट्री गुणांकों का योग होती है। ;पअद्ध अभ्िावि्रफया की कोटि वेग व्यंजक में अभ्िावि्रफयकों की मोलर सांद्रताओं के घातांकों के योग के बराबर होती है। चित्रा 4ण्2 पर विचार कीजिए। निम्नलिख्िात में से कौन - सा विकल्प चालीसवें सेवेंफड पर तात्क्षण्िाक वेग नहीं दशार्ता? ट5 − ट2;पद्ध 50 − 30 ट4 − ट2;पपद्ध 50 − 30 ट3 − ट2;पपपद्ध 40 − 30 ट3 − ट1;पअद्ध 40 − 20 11ण् निम्नलिख्िात में से कौन - सा कथन सही है? ;पद्ध अभ्िावि्रफया की दर समय व्यतीत होने के साथ कम होती जाती है क्योंकि अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता कम होने लगती है। ;पपद्ध अभ्िावि्रफया की दर अभ्िावि्रफया के दौरान हर समय एक सी रहती है। ;पपपद्ध अभ्िावि्रफया की दर ताप परिवतर्न पर निभर्र नहीं करती। ;पअद्ध अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता बढ़ाने से अभ्िावि्रफया की दर कम हो जाती है। 12ण् नीचे दी गइर् अभ्िावि्रफया की अभ्िावि्रफया दर के लिए निम्नलिख्िात व्यंजकों में से कौन - सा सही है? 5ठतदृ;ंुण्द्ध ़ ठतव्दृ;ंुण्द्ध ़ 6भ़्;ंुण्द्ध ⎯→ 3ठत;ंुण्द्ध ़ 3भ्व्;सद्ध13ण् निम्नलिख्िात में से कौन - सा ग्रापफ उफष्माक्षेपी अभ्िावि्रफया को प्रदश्िार्त करता है - 3 22;पद्ध ख्ठत , ज −Δ Δ त्र 5 ख्भ् , ज ़Δ Δ ;पपद्ध ख्ठत , ज −Δ Δ त्र 6 5 ख्भ् , ज ़Δ Δ ;पपपद्ध ख्ठत , ज −Δ Δ त्र 5 6 ख्भ् , ज ़Δ Δ ;पअद्ध ख्ठत , ज −Δ Δ त्र 6 ख्भ् , ज ़Δ Δ ;पद्ध केवल ;कद्ध ;पपद्ध केवल ;खद्ध ;पपपद्ध केवल ;गद्ध ;पअद्ध ;कद्ध और ;खद्ध 14ण् अभ्िावि्रफया । ़ 2ठ ⎯→ ब् के लिए निम्नलिख्िात वेग नियम प्राप्त होता है। वेग त्र ा ख्।,ख्ठ, ष्।ष् की सांद्रता स्िथर रखते हुए अभ्िावि्रफयक ष्ठष् की सांद्रता दुगनी करने पर वेग नियतांक का मान ऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध समान रहेगा ;पपद्ध दुगुना हो जाएगा ;पपपद्ध चार गुना हो जाएगा ;पअद्ध आध रह जाएगा 15ण् रासायनिक अभ्िावि्रफयाओं के संघट्टð सि(ांत के संबंध् में निम्नलिख्िात में से कौन - सा कथन गलत है? ;पद्ध यह अभ्िावि्रफया करने वाले अणुओं अथवा परमाणुओं को कठोर गोले मानता है और उनके संरचनात्मक गुणों पर ध्यान नहीं देता। ;पपद्ध प्रभावी संघट्टðों की संख्या अभ्िावि्रफया दर निधर्रित करती है। ;पपपद्ध उत्पाद पयार्प्त देहली उफजार् प्राप्त अणुओं अथवा परमाणुओं के संघट्टð के परिणामस्वरूप बनते हैं। ;पअद्ध संघट्टð के प्रभावी होने के लिए अणुओं को पयार्प्त देहली उफजार् और उचित अभ्िाविन्यास के साथ टकराना चाहिए। 16ण् एक प्रथम कोटि की अभ्िावि्रफया 1ण्26 × 1014 े में 50ः पूणर् होती है। 100ः पूणर् होने में इसे कितना समय लगेगा? ;पद्ध 1ण्26 × 1015 े ;पपद्ध 2ण्52 × 1014 े ;पपपद्ध 2ण्52 × 1028 े ;पअद्ध अनन्त 17ण् यौगिक ष्।ष् और ष्ठष् निम्नलिख्िात रासायनिक समीकरण के अनुसार अभ्िावि्रफया करते हैं। । ;हद्ध ़ 2 ठ ;हद्ध ⎯→ 2ब् ;हद्ध किसी एक अभ्िावि्रफयक की सांद्रता स्िथर रखते हुए ष्।ष् अथवा ष्ठष् की सांद्रता में परिवतर्न किया गया और वेग को प्रारंभ्िाक संद्रता के कारक के रूप में मापा गया। निम्नलिख्िात परिणाम प्राप्त हुए। इस अभ्िावि्रफया के वेग समीकरण के लिए सही विकल्प चुनिए। प्रयोग ख्।, की प्रारंभ्िाकसांद्रताध्उवस स्दृ1 ख्ठ, की प्रारंभ्िाक सांद्रताध्उवस स्दृ1 ख्ब्, के बनने की प्रारंभ्िाक दर ध्उवस स्दृ1 े दृ1 1ण् 2ण् 3ण् 0ण्30 0ण्30 0ण्60 0ण्30 0ण्60 0ण्30 0ण्10 0ण्40 0ण्20 ;पद्ध दर त्र ा ख्।,2 ख्ठ, ;पपद्धदर त्र ा ख्।, ख्ठ,2 ;पपपद्धदर त्र ा ख्।, ख्ठ, ;पअद्धदर त्र ा ख्।,2 ख्ठ,0 18ण् उत्प्रेरक के लिए निम्नलिख्िात में से कौन - सा कथन सही कथन नहीं है? ;पद्ध यह अग्र और पश्च दोनों अभ्िावि्रफयाओं को समान रूप से उत्प्रेरित करता है। ;पपद्ध यह अभ्िावि्रफया का Δळ परिवतिर्त कर देता है। ;पपपद्ध यह वह पदाथर् है जो अभ्िावि्रफया के साम्यस्िथरांक को परिवतिर्त नहीं करता। ;पअद्ध यह अभ्िावि्रफयकों और उत्पादों की सवि्रफयण उफजार् को कम करके वैकल्िपक वि्रफयाविध्ि देता है। 19ण् एक छद्म प्रथम कोटि की अभ्िावि्रफया के लिए वेग स्िथरांक का मान ऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध अल्प मात्रा में उपस्िथत अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता पर निभर्र करता है। ;पपद्ध आध्िक्य में उपस्िथत अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता पर निभर्र करता है। ;पपपद्ध अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता पर निभर्र नहीं करता है। ;पअद्ध केवल ताप पर निभर्र करता है। 20ण् अभ्िावि्रफया । ठ पर विचार कीजिए। अभ्िावि्रफयकों तथा उत्पादों दोनों ही की सांद्रता ‘समय’ के साथ चरघातांक से बढ़ती है। निम्नलिख्िात में से कौन - सा चित्रा अभ्िावि्रफयकों और उत्पादों की सांद्रता में समय के साथ परिवतर्न की सही व्याख्या करता है? प्प्ण् बहुविकल्प प्रश्न ;प्ररूप.प्प्द्ध नोट - निम्नलिख्िात प्रश्नों में दो या इससे अध्िक विकल्प सही हो सकते हैं। 21ण् वेग नियम संतुलित रासायनिक समीकरण द्वारा निधर्रित नहीं किया जा सकता यदि ऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। 22ण् एक प्राथमिक अभ्िावि्रफया की संतुलित रासायनिक समीकरण के लिए कौन - से कथन लागू होते हैं? ;पद्ध कोटि, आण्िवकता के समान होती है। ;पपद्ध कोटि, आण्िवकता से कम होती है। ;पपपद्ध कोटि, आण्िवकता से अध्िक होती है। ;पअद्ध अभ्िवि्रफया की आण्िवकता कभी शून्य नहीं हो सकती। 23ण् किसी भी एक - अणुक अभ्िावि्रफया के लिए ऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध दर निधर्रण चरण में केवल एक अभ्िाकारी स्पीशीश प्रयुक्त होती है। ;पपद्ध सबसे ध्ीमे चरण की कोटि तथा आण्िवकता एक के बराबर होती है। ;पपपद्ध अभ्िावि्रफया की आण्िवकता एक होती है और कोटि शून्य होती है। ;पअद्ध अभ्िावि्रफया की आण्िवकता और कोटि दोनों ही एक होती हैं। 24ण् एक जटिल अभ्िावि्रफया के लिए ;पद्ध समग्र अभ्िावि्रफया की कोटि सबसे ध्ीमे पद की आण्िवकता के समान होती है। ;पपद्ध समग्र अभ्िावि्रफया की कोटि सबसे ध्ीमे पद की आण्िवकता से कम होती है। ;पपपद्ध समग्र अभ्िावि्रफया की कोटि सबसे ध्ीमे पद की आण्िवकता से अध्िक होती है। ;पअद्ध सबसे ध्ीमे पद की आण्िवकता कभी भी शून्य अथवा अपूणा±क नहीं होती। 25ण् उच्च दाब पर निम्नलिख्िात अभ्िावि्रफया शून्यकोटि की है। ;पद्ध व्युत्व्रफम अभ्िावि्रफया सम्िमलित होती है। ;पपद्ध यह एक प्राथमिक अभ्िावि्रफया हो। ;पपपद्ध यह प्राथमिक अभ्िावि्रफयाओं की एक शृंखला है। ;पअद्ध कोइर् भी अभ्िावि्रफयक आध्िक्य में हो। 1130ज्ञ →2छभ्;हद्ध ⎯⎯⎯⎯⎯⎯⎯ छ;हद्ध ़ 3भ्;हद्ध3प्लैटिनम उत्पे्र2रक2इस अभ्िावि्रफया के लिए कौन - से विकल्प सही हैं? ;पद्ध अभ्िावि्रफया का वेग त्र वेग स्िथरांक ;पपद्ध अभ्िावि्रफया की दर अमोनिया की सांद्रता पर निभर्र करती है। ;पपपद्ध अमोनियम के विघटन की दर संपूणर् अमोनिया विघटित होने तक स्िथर रहेगी। ;पअद्ध दाब में और अध्िक वृि अभ्िावि्रफया की दर परिवतिर्त कर देगी। 26ण् एक सवि्रफयत संवुफल के विघटन के दौरान ऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध उफजार् हमेशा निष्काष्िात होती है। ;पपद्ध उफजार् हमेशा अवशोष्िात होती है। ;पपपद्ध उफजार् परिवतिर्त नहीं होती। ;पअद्ध अभ्िावि्रफयक बन सकते हैं। 27ण् उफजार् के मैक्सवेल बोल्ट्शमान वितरण के अनुसार ऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध उच्च तापों पर अध्िकतम सम्भाव्य गतिज उफजार् प्राप्त अणुओं का अंश घटता है। ;पपद्ध उच्च तापों पर अध्िकतम सम्भाव्य गतिज उफजार् प्राप्त अणुओं का अंश बढ़ता है। ;पपपद्ध उच्च तापों पर अध्िकतम सम्भाव्य गतिज उफजार् बढ़ती है। ;पअद्ध उच्च तापों पर अध्िकतम सम्भाव्य गतिज उफजार् घटती है। 28ण् उफजार् के वितरण को दशार्ने वाले मैक्सवेल बोल्ट्शमान द्वारा दिए ग्रापफ में ऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋऋ। ;पद्ध ताप में वृि के साथ वव्रफ के अंतगर्त क्षेत्रापफल स्िथर रहना चाहिए। ;पपद्ध ताप में वृि के साथ वव्रफ के अंतगर्त क्षेत्रापफल बढ़ता है। ;पपपद्ध ताप में वृि के साथ वव्रफ के अंतगर्त क्षेत्रापफल घटता है। ;पअद्ध ताप में वृि के साथ वव्रफ चैड़ा हो जाता है तथा दाहिनी ओर विस्थापित हो जाता है। 29ण् निम्नलिख्िात में से कौन - सा कथन अरेर्नियस समीकरण के अनुसार है? ;पद्ध ताप में वृि के साथ अभ्िावि्रफया का वेग बढ़ता है। ;पपद्ध सवि्रफयण उफजार् में कमी के साथ अभ्िावि्रफया का वेग बढ़ता है। ;पपपद्ध ताप में वृि के साथ वेग स्िथरांक में चरघातांकी कमी होती है। ;पअद्ध सवि्रफयण उफजार् में कमी से अभ्िावि्रफया का वेग घटता है। 30ण् गलत कथनों को चिित कीजिए। ;पद्ध उत्प्रेरक अभ्िावि्रफया को वैकल्िपक पथ उपलब्ध् कराता है। ;पपद्ध उत्प्रेरक सवि्रफयण उफजार् को बढ़ाता है। ;पपपद्ध उत्प्रेरक सवि्रफयण उफजार् को कम करता है। ;पअद्ध उत्प्रेरक अभ्िावि्रफया के एन्थैल्पी परिवतर्न को बदल देता है। 31ण् किसी शून्य कोटि की अभ्िावि्रफया के लिए निम्नलिख्िात में से कौन - से ग्रापफ सही हैं? 32ण् प्रथम कोटि की अभ्िावि्रफया के लिए निम्नलिख्िात में से कौन - से ग्रापफ सही हैं? प्प्प्ण् लघु उत्तर प्रश्न 33ण् एक ऐसी परिस्िथति बताइए जिसमें द्विअणुक अभ्िावि्रफया गतिक रूप से प्रथम कोटि की अभ्िावि्रफया हो। 34ण् यदि अभ्िावि्रफया, 2। ़ ठ ⎯→ ब् शून्य कोटि की हो तो इसके लिए अभ्िावि्रफया वेग लिख्िाए। 35ण् आप निम्नलिख्िात अभ्िावि्रफया का वेग नियम वैफसे निधर्रित कर सकते हैं? 2छव् ;हद्ध ़ व्2 ;हद्ध ⎯→ 2छव्2 ;हद्ध 36ण् किस प्रकार की अभ्िावि्रफयाओं के लिए आण्िवकता तथा कोटि के मान समान होते हैं? 37ण् एक अभ्िावि्रफया में यदि अभ्िावि्रफयक । की सांद्रता तिगुनी कर दी जाए तो अभ्िावि्रफया वेग सत्ताइस गुना बढ़ जाता है। अभ्िावि्रफया की कोटि क्या है? 38ण् शून्य कोटि अभ्िावि्रफया के पूणर् होने में लगने वाले समय के परिकलन के लिए व्यंजक व्युत्पन्न कीजिए। 39ण् । ़ ठ ⎯→ उत्पाद, अभ्िावि्रफया के लिए वेग नियम है - दर त्र ा ख्।,ख्ठ,3ध्2 । क्या यह अभ्िावि्रफया एक प्रारंभ्िाक अभ्िावि्रफया है? समझाइए। 40ण् अभ्िावि्रफया में अणुओं के बहुत बड़े अंश की उफजार् देहली उफजार् से अध्िक है पिफर भी अभ्िावि्रफया वेग बहुत कम है, ऐसा क्यों है? 41ण् स्पष्ट कीजिए कि क्या शून्य कोटि अभ्िावि्रफया के लिए अणुसंख्यकता शून्य होगी। 42ण् एक सामान्य अभ्िावि्रफया । ⎯→ ठ के लिए । की सांद्रता तथा समय के मध्य ग्रापफ चित्रा 4ण्3 में दिया गया है। ;पद्ध अभ्िावि्रफया की कोटि क्या है? ;पपद्ध वव्रफ का ढाल क्या है? ;पपपद्ध वेग स्िथरांक की इकाइर् क्या है? चित्रा 4ण्3 43ण् स्पष्ट कीजिए कि भ्;हद्ध तथा व्;हद्ध के मध्य अभ्िावि्रफया अति संभाव्य है परन्तु गैसों को एक ही 22पात्रा में कमरे के ताप पर रखने से जल क्यों नहीं बनता। 44ण् ताप में वृि से अभ्िावि्रफया वेग क्यों बढ़ता है? 45ण् कक्ष ताप पर वायु में आॅक्सीजन प्रचुरता से उपलब्ध् होने पर भी ईंध्न स्वयं क्यों नहीं जलते? 46ण् तीन से अध्िक आण्िवकता वाली अभ्िावि्रफयाओं की संभावनाएँ बहुत कम क्यों होती हैं? 47ण् सामान्यतः, अभ्िावि्रफया के दौरान अभ्िावि्रफया वेग घटता क्यों है? 48ण् किसी अभ्िावि्रफया के लिए केवल उफष्मागतिक संभाव्यता अभ्िावि्रफया के वेग को निधर्रित नहीं कर सकती। इसे एक उदाहरण की सहायता से समझाइए। 49ण् आॅक्सैलिक अम्ल तथा ज्ञडदव्के मध्य आॅक्सीकरण - अपचयन अनुमापन में हम अनुमापन प्रारम्भ करने4 से पूवर् आॅक्सैलिक अम्ल विलयन को गरम क्यों करते हैं? 50ण् किसी अभ्िावि्रफया की आण्िवकता शून्य क्यों नहीं हो सकती? 51ण् आण्िवकता केवल प्राथमिक अभ्िावि्रफया के लिए अनुप्रयोज्य क्यों है, जबकि अभ्िावि्रफया की कोटि प्राथमिक तथा जटिल दोनों के लिए अनुप्रयोज्य है? 52ण् किसी अभ्िावि्रफया के वेग नियम को हम संतुलित रासायनिक अभ्िावि्रफया की सहायता से निधर्रित क्यों नहीं कर सकते? प्टण् सुमेलन प्ररूप प्रश्न नोट - निम्नलिख्िात प्रश्नों में काॅलम प् के मदों को काॅलम प्प् में दिए गए उचित मद से सुमेलित कीजिए। 53ण् काॅलम प् में दिए गए ग्रापफ और काॅलम प्प् में दी गइर् अभ्िावि्रफया की कोटि को सुमेलित कीजिए। काॅलम प् के एक से अध्िक पद, काॅलम प्प् के समान पद से संबंिात हो सकते हैं।काॅलम प् काॅलम प्प् ;ंद्ध प्रथम कोटि ;पपपद्ध ;इद्ध शून्य कोटि ;पअद्ध 54ण् काॅलम प् और काॅलम प्प् में दिए कथनों को सुमेलित कीजिए। काॅलम प् काॅलम प्प् ;पद्ध उत्प्रेरक अभ्िावि्रफया के वेग को ;ंद्ध भ्िान्नात्मक अथवा शून्य नहीं हो सकती परिवतिर्त कर देते हैं। ;पपद्ध आण्िवकता ;इद्ध हमेशा उपयुक्त अभ्िाविन्यास नहीं होता। ;पपपद्ध प्रथम कोटि अभ्िावि्रफया की द्वितीय अध्र्आयु ;बद्ध सवि्रफयण उफजार् को कम करके दृम् ध्त्ज् ;पअद्ध ं ;कद्ध प्रथम के समान होती है। म ;अद्ध उफजार् की दृष्िट से अनुवूफल अभ्िावि्रफया कभी - कभी ध्ीमी होती है। ;मद्ध वुफल प्रायिकता एक है। ;अपद्ध मैक्सवेल बोल्ट्शमान वव्रफ के अंतगर्त क्षेत्रापफल ;द्धि सवि्रफयण उफजार् के बराबर अथवा उससे स्िथर होता है। अध्िक उफजार् वाले अणुओं के अंश से संबंध्ित 55ण् निम्नलिख्िात का सुमेलन कीजिए - काॅलम प् काॅलम प्प् ;पद्ध हीरा ;डायमण्डद्ध ;ंद्ध समय का लघु अंतराल ;पपद्ध तात्क्षण्िाक वेग ;इद्ध सामान्यतः परिवतर्न का वेग परिलक्ष्िात नहीं होता। ;पपपद्ध औसत वेग ;बद्ध लंबी समयावध्ि 56ण् काॅलम प् और काॅलम प्प् में दिए गए कथनों को सुमेलित कीजिए - काॅलम प् काॅलम प्प् ;पद्ध अभ्िावि्रफया वेग का गण्िातीय व्यंजक ;ंद्ध वेग स्िथरांक के ;पपद्ध शून्य कोटि की अभ्िावि्रफया के लिए ;इद्ध वेग नियम अभ्िावि्रफया वेग बराबर होता है। ;पपपद्ध शून्य कोटि के लिए वेग स्िथरांक की ;बद्ध सबसे ध्ीमे चरण की कोटि इकाइर् समान होती है। ;पअद्ध एक जटिल अभ्िािया की कोटि निधर्रित ;कद्ध अभ्िावि्रफया की दर होती है। टण् अभ्िाकथन एवं तवर्फ प्ररूप प्रश्न नोट - निम्नलिख्िात प्रश्नों में अभ्िाकथन के पश्चात तवर्फ का कथन दिया है। निम्नलिख्िात विकल्पों मेंसे कथन का चयन करके सही उत्तर दीजिए। ;पद्ध अभ्िाकथन और तवर्फ दोनों सही हैं और तवर्फ अभ्िाकथन का सही स्पष्टीकरण है। ;पपद्ध अभ्िाकथन और तवर्फ दोनों सही कथन हैं परन्तु तवर्फ अभ्िाकथन का स्पष्टीकरण नहीं है। ;पपपद्ध अभ्िाकथन सही है परन्तु तवर्फ गलत कथन है। ;पअद्ध अभ्िाकथन और तवर्फ दोनों ही गलत कथन हैं। ;अद्ध अभ्िाकथन गलत है परन्तु तवर्फ सही कथन है। 57ण् अभ्िाकथन - अभ्िावि्रफया की कोटि शून्य अथवा भ्िान्नात्मक हो सकती है। तवर्फ - संतुलित रासायनिक समीकरण से हम कोटि का निधर्रण नहीं कर सकते। 58ण् अभ्िाकथन - कोटि एवं आण्िवकता एकसमान होती हैं। तवर्फ - कोटि का निधर्रण प्रयोग द्वारा होता है तथा आण्िवकता वेग निधर्रक प्राथमिक चरण में स्टाॅइकियोमितीय गुणांक का योग होती है। 59ण् अभ्िाकथन - उत्प्रेरक की उपस्िथति में अभ्िावि्रफया की एन्थैल्पी स्िथर रहती है। तवर्फ - अभ्िावि्रफया में भाग लेनेे वाला उत्प्रेरक भ्िान्न सवि्रफयण संवुफल बनाता है तथा सवि्रफयण उफजार् को कम करता है परन्तु अभ्िावि्रफयकों एवं उत्पादों की उफजार् समान रहती है। 60ण् अभ्िाकथन - अभ्िावि्रफयक अणुओं के प्रत्येक संघट्टð से उत्पाद बनता है। तवर्फ - केवल उन्हीं संघट्टðों से उत्पाद निमार्ण होता है जिनमें अणुओं का विन्यास सही तथा गतिज उफजार् पयार्प्त होती है। 61ण् अभ्िाकथन - अरेर्निअस समीकरण से सामान्य तथा जटिल अणुओं के लिए निधर्रित वेग स्िथरांक लगभग परिशु( होते हैं। तवर्फ - संघट्टð के समय अभ्िावि्रफयक अणुओं का कोइर् भी अभ्िाविन्यास होने पर भी रासायनिक परिवतर्न हो जाता है। टप्ण् दीघर् उत्तर प्रश्न 62ण् सभी पयार्प्त उफजार् धरित संघट्टð रासायनिक परिवतर्न में परिण्िात नहीं होते इसे एक उदाहरण की सहायता से समझाइए। 63ण् ताप बढ़ाने से सवि्रफयण उफजार् तथा सवार्ध्िक सम्भाव्य गतिज उफजार् पर क्या प्रभाव पड़ेगा? 64ण् स्पष्ट कीजिए कि अभ्िावि्रफया में उत्प्रेरक का उपयोग करने पर भी अभ्िावि्रफया की एन्थैल्पी अपरिवतिर्त क्यों रहती है। 65ण् तत्क्षण वेग और औसत वेग में अन्तर स्पष्ट कीजिए। 66ण् एक उदाहरण की सहायता से समझाइए कि छद्म प्रथम कोटि अभ्िावि्रफया से क्या अभ्िाप्राय है? प्ण् बहुविकल्प प्रश्न ;प्ररूप - प्द्ध 1ण् ;पपपद्ध 2ण् ;पपपद्ध 3ण् ;पपद्ध 4ण् ;पद्ध 5ण् ;पपद्ध 6ण् ;पद्ध 7ण् ;पअद्ध 8ण् ;पपपद्ध 9ण् ;पपपद्ध 10ण् ;पपद्ध 11ण् ;पद्ध 12ण् ;पपपद्ध 13ण् ;पद्ध 14ण् ;पपद्ध 15ण् ;पपपद्ध 16ण् ;पअद्ध 17ण् ;पपद्ध 18ण् ;पपद्ध 19ण् ;पपद्ध 20ण् ;पपद्ध प्प्ण् बहुविकल्प प्रश्न ;प्ररूप - प्प्द्ध 21ण् ;पद्धए ;पपपद्धए ;पअद्ध 22ण् ;पद्धए ;पअद्ध 23ण् ;पद्धए ;पपद्ध 24ण् ;पद्धए ;पअद्ध 25ण् ;पद्धए ;पपपद्धए ;पअद्ध 26ण् ;पद्धए ;पअद्ध 27ण् ;पद्धए ;पपपद्ध 28ण् ;पद्धए ;पअद्ध 29ण् ;पद्धए ;पपद्ध 30ण् ;पपद्धए ;पअद्ध 31ण् ;पद्धए ;पअद्ध 32ण् ;पद्धए ;पअद्ध प्प्प्ण् लघु उत्तर प्रश्न 33ण् जब एक अभ्िावि्रफयक आध्िक्य में उपस्िथत हो तो गतिक रूप से द्विअणुक अभ्िावि्रफया प्रथम कोटि की हो जाती है। 34ण् वेग त्र ा ख्।,0ख्ठ,0 अथवा वेग = ा 35ण् एन.सी.इर्.आर.टी. की पुस्तक का पृष्ठ 101 देखें। 36ण् यदि अभ्िावि्रफया, प्राथमिक अभ्िावि्रफया हो तो कोटि आण्िवकता के समान होती है। 37ण् तीन, चूंकि वेग त्र ा ख्।,3 38ण् ख्त्, त्र ख्त्,0 दृ ाज पूणर्ता के लिए त् ख्त्, त्र 0 इसलिए ज त्र ख्,0ा 39ण् एक प्राथमिक अभ्िावि्रफया के दौरान, अभ्िावि्रफया करने वाले अणुओं की संख्या को आण्िवकता कहते हैं। यदि यह प्राथमिक अभ्िावि्रफया होती तो ठ के संदभर् में अभ्िावि्रफया की कोटि एक होनी चाहिए थी, परन्तु दिए गए वेग व्यंजक में ठ के संदभर् में यह 23 है। इससे यह प्रदश्िार्त होता है कि अभ्िावि्रफया प्राथमिक अभ्िावि्रफया नहीं है। 40ण् उफजार् की दृष्िट के अतिरिक्त, प्रभावी संघट्टð के लिए संघट्टðकारी अणुओं को एक उपयुक्त अभ्िाविन्यास में होना चाहिए। इस प्रकार की परिस्िथति अभ्िावि्रफया में प्राप्त नहीं हो रही होगी। 41ण् नहीं, आण्िवकता कभी भी शून्य अथवा एक भ्िान्नात्मक संख्या नहीं हो सकती। 42ण् ;पद्ध शून्य ;पपद्ध दृा ;पपपद्ध उवस स्दृ1ेदृ1 43ण् इसका कारण यह है कि कक्ष ताप पर अभ्िावि्रफया के लिए सवि्रफयण उफजार् का मान बहुत अिाक होता है। 44ण् उच्च ताप पर संघट्टð करने वाले कण अध्िक संख्या में उफजार् अवरोध् अथार्त सवि्रफयण उफजार् को पार करते हैं जिससे वेग अध्िक हो जाता है। 45ण् ईंध्नों की दहन अभ्िावि्रफयाओं के लिए कमरे के ताप पर सवि्रफयण उफजार् कापफी उच्च होती है। अतः ईंध्न स्वयं नहीं जलते। 46ण् तीन से अध्िक अणुओं की एक साथ संघट्टð करने की संभावना बहुत कम होती है अतः तीन से अध्िक आण्िवकता वाली अभ्िावि्रफयाएँ बहुत कम होती हैं। 47ण् अभ्िावि्रफया का वेग अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता पर निभर्र करता है। जैसे - जैसे अभ्िावि्रफया आगे बढ़ती है, अभ्िावि्रफयक उत्पाद में परिवतिर्त होने लगते हैं, अतः अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता कम होती जाती है। पफलतः अभ्िावि्रफया - वेग घटता जाता है। 48ण् उफष्मागतिक रूप से हीरे का ग्रैपफाइट में परिवतर्न बहुत सम्भाव्य है लेकिन अभ्िावि्रफया बहुत ध्ीमी होती है क्योंकि इसकी सवि्रफयण उफजार् का मान बहुत अध्िक होता है। 49ण् ज्ञडदव्तथा आॅक्सैलिक अम्ल के मध्य अभ्िावि्रफया गतिक रूप से बहुत ध्ीमी होती है। ताप को4 बढ़ाकर हम अभ्िावि्रफया के वेग को बढ़ा देते हैं। 50ण् किसी प्रारंभ्िाक पद में भाग लेने वाले अणुओं की संख्या आण्िवकता होती है। इसके लिए कम से कम एक अणु की आवश्यकता होती है। परिणामस्वरूप आण्िवकता का न्यूनतम मान एक होता है। 51ण् जटिल अभ्िावि्रफया, प्राथमिक अभ्िावि्रफयाओं द्वारा कइर् चरणों में अग्रसारित होती है। प्रत्येक प्राथमिक अभ्िावि्रफया में भाग लेने वाले अणुओं की संख्या अलग हो सकती है, यानी प्रत्येक पद की आण्िवकता अलग होगी अतः समग्र अभ्िावि्रफया की आण्िवकता पर विचार करना निरथर्क होता है। दूसरी ओर जटिल अभ्िावि्रफया की कोटि वि्रफयाविध्ि के सबसे ध्ीमे पद द्वारा निधर्रित होती है और यह जटिल अभ्िावि्रफयाओं के संबंध् में भी निरथर्क नहीं होती। 52ण् संतुलित रासायनिक समीकरण से अध्िकांशतः गलत कोटि तथा वेग नियम का आभास होता है। उदाहरणाथर् निम्नलिख्िात अभ्िावि्रफया में अभ्िावि्रफया की कोटि दस प्रतीत होती है। ज्ञब्सव्3 ़ 6थ्मैव्4 ़ 3भ्2ैव्4 ⎯→ ज्ञब्स ़ 3भ्2व् ़ 3थ्म;ैव्4द्ध32 यह वस्तुतः द्वितीय कोटि की अभ्िावि्रफया है। वास्तव में अभ्िावि्रफया कइर् पदों में होती है। इस प्रकार की अभ्िावि्रफया की कोटि वि्रफयाविध्ि के सबसे ध्ीमे पद द्वारा निधर्रित होती है। कोटि प्रायोगिक रूप से निधर्रित की जाती है तथा यह अभ्िावि्रफयकों की सांद्रता पर अभ्िावि्रफया की प्रेक्ष्िात दर की निभर्रता तक ही सीमित होती है। प्टण् सुमेलन प्ररूप प्रश्न 53ण् ;पद्ध → ;ंद्ध;पपद्ध → ;इद्ध;पपपद्ध → ;इद्ध;पअद्ध → ;ंद्ध 54ण् ;पद्ध → ;बद्ध;पपद्ध → ;ंद्ध;पपपद्ध → ;कद्ध;पअद्ध → ;द्धि ;अद्ध → ;इद्ध;अपद्ध → ;मद्ध 55ण् ;पद्ध → ;इद्ध;पपद्ध → ;ंद्ध;पपपद्ध → ;बद्ध 56ण् ;पद्ध → ;इद्ध;पपद्ध → ;ंद्ध;पपपद्ध → ;कद्ध;पअद्ध → ;कद्ध टण् अभ्िाकथन एवं तवर्फ प्ररूप प्रश्न 57ण् ;पपद्ध 58ण् ;अद्ध 59ण् ;पद्ध 60ण् ;अद्ध 61ण् ;पपपद्ध टप्ण् दीघर् उत्तर प्रश्न 62ण् संकेत - अणु के सही अभ्िाविन्यास की विस्तार से चचार् करें। 63ण् संकेत - ;पद्ध वव्रफ सपाट होता जाएगा तथा वव्रफ का शीषर् उफजार् के अध्िक मान की ओर विस्थापित होगा। ;पपद्ध सवि्रफयण उफजार् के बाद वव्रफ के अंतगर्त क्षेत्रापफल बढ़ता है। 64ण् संकेत - ;पद्ध एन्थैल्पी अवस्था पफलन है। ;पपद्ध अभ्िावि्रफयकों और उत्पादों की उफजार् में अन्तर स्िथर है। 65ण् एन.सी.इर्.आर.टी. की कक्षा 12 की पाठ्यपुस्तक देखें। 66ण् एन.सी.इर्.आर.टी. की कक्षा 12 की पाठ्यपुस्तक देखें।

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