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अध्याय 12
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सोचें, अनुभव करें, सृजन करें
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क्रैश ! बूम ! ढिशूम ! हिस्स्स ! क्या आप ध्वनि प्रभाव के बिना किसी डरावनी फिल्म या सुपरहीरो फिल्म के दृश्य की कल्पना कर सकते हैं? बिना ध्वनि के यह प्रभावी नहीं लगेगा | है न?
संगीत और ध्वनि प्रभाव किसी कहानी के भाव और नाटकीयता को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ा सकते हैं। वे किसी दृश्य का वातावरण तैयार कर सकते हैं और संवादों व धमाकेदार एक्शन में तीव्रता जोड़ सकते हैं | इससे तनाव पैदा हो सकता है और आपको ऐसा अनुभव होगा कि आप खिसक कर अपनी सीट के किनारे पर आ गए हैं! वे

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आपको आराम का अनुभव भी करा सकते हैं और खुशी का भी | यही संगीत की भावनात्मक शक्ति है |

ऑनलाइन जाकर अपनी मनपसंद फिल्म में से एक दृश्य ढूँढ़ें | 'म्यूट' बटन दबाकर उस दृश्य को बिना ध्वनि के देखें | अब वही दृश्य ध्वनि के साथ देखें| इन दोनों विकल्पों में आप कैसा अनुभव करते हैं? अपने विचार एवं भावनाएँ कक्षा में साझा कीजिए |

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गतिविधि 12.1

कर्ण वन

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क्या आपको इस पुस्तक के आरंभ में पंचतंत्र की कहानी पढ़ने में आनंद आया? इसमें कई रोचक पात्र हैं | यह न केवल मनोरंजक है अपितु इसमें एक सुंदर संदेश भी है | अब क्या आप संगीत और ध्वनि के माध्यम से कहानी का सार बताने के विषय में सोच सकते हैं? कहानी एक जंगल की है। क्या हम अपने शरीर और आस-पास की वस्तुओं का उपयोग करके जंगल की ध्वनियों का अनुकरण कर सकते हैं? कौन-से पशु और पक्षी तीव्र ध्वनि निकालते हैं? कौन-से पशु और पक्षी धीमी ध्वनि निकालते हैं? अब आइए, एक और कहानी पढ़ें |

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गतिविधि 12.2

चार मित्र

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एक बार की बात है | एक जंगल में चार मित्र रहते थे – हिरण, कौआ, कछुआ और चूहा। वे बहुत अच्छे मित्र थे और अपना अधिकांश समय एक साथ बिताते थे| एक दिन उन्होंने एक शिकारी को अपनी ओर आते देखा| वे सभी भयभीत हो गए और अपनी जान बचाने के लिए भागने लगे।\ कौआ पास के पेड़ की सबसे ऊँची शाखा पर उड़कर बैठ गया, चूहा पास के एक बिल में छिप गया, जबकि हिरण स्फूर्ति से भागकर झाड़ियों में छिप गया | हालाँकि कछुआ न तो छिप सका और न ही भाग सका और आखिरकार शिकारी ने उसे पकड़ लिया | शिकारी ने उसे अपनी बोरी में डाल लिया और चला गया |
तीनों मित्रों ने कछुए को बचाने की योजना बनाई | कौआ शिकारी को ढूँढ़ने के लिए ऊँची उड़ान भरने लगा और हिरण

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भी उसके पीछे-पीछे चल पड़ा | जैसे ही उन्हें शिकारी मिला, हिरण दूसरे रास्ते से जाकर उससे आगे निकल गया और कुछ दूरी पर मृत होने का नाटक करते हुए चुपचाप लेटा रहा | शिकारी ने हिरण को देखा और अपनी बोरी फेंककर उसकी ओर भागने लगा | इसी बीच चूहा वहाँ आ गया और कछुए को छुड़ाने के लिए बोरी को दाँतों से काट दिया |
दूसरी ओर, शिकारी के समीप आते ही हिरण घने जंगल में भाग गया | शिकारी यह देखकर आश्चर्यचकित रह गया और
वापस उसी स्थान पर पहुँचा, जहाँ उसने अपनी बोरी फेंकी थी | उसे आश्चर्य हुआ कि बोरी खाली थी और कछुआ वहाँ नहीं था| वह खाली हाथ घर लौटा और चारों मित्रों ने भाग निकलने की खुशी मनाई |

सबसे पहले कहानी को एकरस में बल देकर पढ़ें - सभी शब्द और वाक्य बिना किसी भाव के एक ही सुर और ध्वनि में हों। यह कैसी लगती है?

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अब कहानी को पुनः पढ़ें लेकिन इसे पढ़ने की विधि में परिवर्तन करें | कुछ भागों को धीमी ध्वनि में पढ़ें, आप कुछ शब्द फुसफुसाकर भी पढ़ सकते हैं और कुछ भाग बल देकर भी पढ़ सकते हैं | कहानी के कुछ भाग धीमी ध्वनि में हो सकते हैं और कुछ ऊँची ध्वनि में | आप कुछ वाक्यों की गति बढ़ा या कम कर सकते हैं और कुछ विराम भी जोड़ सकते हैं |
इस तरह से पढ़ने पर आपको यह कैसा लगा? आपके पढ़ने के किस संस्करण ने श्रोता के लिए कहानी को अधिक रोचक बना दिया?
बोलते या गाते समय ध्वनियों में उतार-चढ़ाव का सही उपयोग करना स्मरण रखें | इससे आपके श्रोता आपकी ओर अधिक ध्यान दे पाएँगे |

शिक्षक-संकेत

विद्यार्थियों को उचित संगीत या ध्वनि प्रभावों के साथ कहानी को अभिनीत करने के लिए प्रोत्साहित करें और उनकी सहायता करें |

सक्रिय श्रवण

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संगीतकारों को जो कुछ वे सुनते हैं, उसे समझने के लिए सुनने की गहन समझ की आवश्यकता होती है | उन्हें यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता है कि वे सुर और लय में गा रहे हैं या बजा रहे हैं और समूह के अन्य संगीतकारों पर प्रतिक्रिया कर रहे हैं | अंततः कई खेलों की तरह संगीत को सफल होने के लिए समूह कार्य एवं सहयोग की आवश्यकता होती है | हम सभी किसी-न-किसी रूप में संगीत सुनते हैं | यह पृष्ठभूमि में बज रहा हो सकता है या आप इसे टेलीविजन या चलचित्र देखते समय सुन सकते हैं |

उन विभिन्न समयों और स्थानों पर चर्चा करें, जहाँ आपको संगीत सुनने को मिलता है। इन स्थितियों में संगीत किस उद्देश्य की पूर्ति करता है?

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गतिविधि 12.3

एक प्रदर्शन सुनना

शिक्षक-संकेत

सक्रिय श्रवण के माध्यम से विद्यार्थी बहुत कुछ सीखते हैं | प्रयास करें कि किसी स्थानीय संगीतकार को कक्षा में आने के लिए आमंत्रण दीजिए या यदि संभव हो तो विद्यार्थियों को लाइव संगीत प्रदर्शन देखने के लिए किसी कार्यक्रम स्थल पर ले जाएँ | यदि यह संभव नहीं है तो कक्षा में किसी भी शैली के संगीत समारोह का वीडियो चलाएँ | विद्यार्थियों को लय या ताल की गिनती करते हुए, उचित रूप से ताली बजाते हुए एवं संगीत पर ध्यान केंद्रित करते हुए सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करें |

क्या आपने कभी लाइव संगीत प्रदर्शन देखा है? किसी संगीत समारोह में भाग लीजिए और दी गई गतिविधियाँ पूरी कीजिए |
संगीत समारोह का एक चित्र बनाइए, जिसमें कलाकार, उनके वाद्ययंत्र एवं मंच की व्यवस्था दर्शाई गई हो |


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निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए-

किस शैली का संगीत प्रस्तुत किया जा रहा था?
...........................
मंच पर कितने संगीतकार थे?
..........................
किन वाद्ययंत्रों का उपयोग किया गया?
........................
दर्शकों में कितने लोग उपस्थित थे?
.....................................
वह कौन-सा अवसर था, जिसके लिए यह प्रदर्शन आयोजित किया गया था?
..........................
गाने किस भाषा में प्रस्तुत किए गए?
...........................
आपको संगीत समारोह में क्या पसंद आया?
................................
संगीत समारोह पर दर्शकों की क्या प्रतिक्रिया थी?
................................

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संगीत को समझना

जब गाने में शब्द और बोल होते हैं तो हम सरलता से समझ सकते हैं कि वे क्या संदेश देना चाह रहे हैं | लेकिन जब गाना केवल वाद्ययंत्रों के साथ बजाया जाता है तो यह समझना कठिन हो जाता है कि वह क्या संदेश देना चाह रहा है |

गतिविधि 12.4

संगीत की व्याख्या

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संगीतकार - डॉ. एल. सुब्रमण्यम

वाद्य संगीत का कोई अंश सुनें या अध्याय के आरंभ में दिए क्यूआर कोड में संगीत सुनें |

  • अपनी आँखें बंद करें और संगीत द्वारा दर्शाए गए किसी चित्र या दृश्य की कल्पना करने का प्रयास करें |
  • क्या आप संगीत के भाव या वातावरण का वर्णन कर सकते हैं? अब संगीत को फिर से सुनें एवं संगीत से मेल खाती एक कहानी की कल्पना करें | इसे लिखें और अपनी कक्षा के साथ साझा करें | अपने मित्रों से भी अपनी कहानी साझा करने के लिए कहें | क्या आप सभी की कहानी एक जैसी थी?
  • आप संगीत को क्या शीर्षक देंगे?

सीखना

संगीत कभी-कभी अमूर्त हो सकता है, जिसका अर्थ है कि अलग-अलग लोग इसे अलग-अलग विधि से समझ सकते हैं |

गतिविधि 12.5

स्वयं को रिकॉर्ड करना एवं सुनना

कई अलग-अलग भाषाओं में प्रकृति से प्रेरित गीत हैं। ये हमारे प्राकृतिक पर्यावरण के महत्व के बारे में स्मरण कराते हैं |
नीचे एक कुमाऊँनी लोकगीत दिया गया है, जो ऊँचे पहाड़ों पर खिलने वाले एक दुर्लभ फूल के विषय में है।| यह प्रकृति की सुंदरता तथा उससे मिलने वाले आनंद का वर्णन करता है|

शिक्षक-संकेत

विद्यार्थियों को प्रकृति और पर्यावरण पर आधारित अपनी पसंद का गाना तैयार करने के लिए एक सप्ताह का समय दें| चुने हुए दिन, बच्चों को गाने और स्वयं को रिकॉर्ड करने के लिए कक्षा में एक मोबाइल फोन या रिकॉर्डिंग डिवाइस लाएँ |

गीत का लिंक - https:tinyurl.com/Kumauni

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कुमाऊँनी गीत पारंपरिक लोकगीत

बुर सी, फूल्ली रे
बुर सी, फूल्ली रे
आहा बुर सी, आहा बुर सी, फूल्ली रे
ऊँचा पहाडा मा
आहा कत स्वान, आहा कत स्वान लागी रे
ऊँचा हिमाला मा
आहा बुर सी, आहा बुर सी फूल्ली रे
ऊँचा पहाडा मा
आहा कत स्वान, आहा कत स्वान लागी रे
ऊँचा हिमाला मा

गुरु सी को फूला सुइआ के दाना फूलेला
गुरु सी को फूला सुइआ ऊँच निच दाना
आहा के दाना, आहा के दाना फूल्ली रे
बुर सी को फूला
आहा बुर सी, आहा बुर सी फूल्ली रे
ऊँचा पहाडा मा
आहा कत स्वान, आहा कत स्वान लागी रे
ऊँचा हिमाला मा
आहा बुर सी, आहा बुर सी फूल्ली रे
ऊँचा पहाडा मा
आहा कत स्वान, आहा कत स्वान लागी रे
ऊँचा हिमाला मा

विद्यालय और घर दोनों जगह इसका कई बार अभ्यास करें |

गतिविधि 12.6

प्रकृति का एक गीत

नीचे प्रकृति से संबंधित मिजोरम का एक पारंपरिक लोकगीत प्रस्तुत है।

टानपुई कान दादाइ (चिलचिलाती धूप को मात देना) पारंपरिक लोक गीत

कान लेना तलंग दम दूर,
लेनरूळ किम कान लेना,
कान शलव सवामफंा हिंग नधियाल कराह;
कवल्टु कैन चावी निलेन,
महसे कान जम बिल लो,
टनिपुई हांग हूनुआइयान,
लॉम लंयुअल हलिम थावम नुई री नैन,
टनिपुई कान दो दाई |

थांगनन डंपाल रियाई ई,
सॉमफैंगा हिंग नो नधियाल स,
रामबुक शलम सवंगका दख संगन;
का थिलर निंग सई डॉन लो, का
वाज जो तुई थियांगतेन,
हालहवल दावी आंग मिम दासम;
मिसिसिकुट लेह थुवा तेन,
हूलिम जैम मिम लो अववी|

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अर्थ – चिलचिलाती धूप की तपिश में भी हम विचलित नहीं होते | अपने हाथों में कुदाल लेकर हम अपने गहरे हरे धान के खेत में, आनंदपूर्वक, मुस्कुराते हुए, तपते सूरज के नीचे, जब तक कि सूरज डूब न जाए, अपना काम करते हैं|| मैं, खेत में बनी झोपड़ी में आराम से बैठकर गहरे नीले आकाश के नीचे हरे-भरे, धान के खेतों के मनोरम दृश्य का आनंद लेते हुए कभी नहीं थकती | पास की नदी से बहता शुद्ध जल हमारी प्यास बुझाता है और पक्षियों की मधुर ध्वनि हमारा मनोरंजन करती है |

अब हम गीत रिकॉर्ड करने के लिए तैयार हैं | आप एक गीत स्वयं अथवा एक समूह में चुन सकते हैं | एक बार जब आप गीत रिकॉर्ड कर लेते हैं तो रिकॉर्डिंग को चलाएँ और सुनें |

  • यह सुनने में कैसा लगा?
  • क्या आप इस गीत को बीच में रुके बिना गाने में सक्षम थे?
  • क्या आपको अपनी प्रस्तुति पसंद आई?
  • अगली बार आप इस गीत को और भी उत्तम कैसे बना सकते हैं?
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आप अपने मित्रों को भी प्रतिक्रिया दे सकते हैं कि वे कैसा गाते हैं | उनके अच्छे प्रदर्शन के लिए उनकी प्रशंसा करना स्मरण रखें और सौम्यता से सुझाव दें कि वे क्या उत्तम कर सकते हैं |

आकलन - अध्याय 12- सोचें, अनुभव करें, सृजन करें
दक्षताएँ सीखने के प्रतिफल शिक्षक स्वयं
C-4.1 संगीत और ध्वनि के माध्यम से एक कहानी का सार व्यक्त करने में सक्षम हैं |
C-2.2 कहानी पढ़ते समय ध्वनि में होने वाले परिवर्तन को समझने में सक्षम हैं |
C-2.1 ध्यान और एकाग्रता के साथ संगीत सुनने में सक्रिय हैं |
C-2.2 संगीत के किसी अंश को शब्दों में वर्णन करने में सक्षम हैं |

विद्यार्थियों की क्षमताओं पर शिक्षकों की प्रतिक्रिया................................
विकास-क्षेत्रों पर शिक्षकों की प्रतिक्रिया............................
कोई अन्य अवलोकन.............................