2 घाातोंं का खेेल
2.1 घात के खेल का अनुभव
एक असंभव उपक्रम !
एक अधिकतम संभव आकार का कागज लीजिए। सर्वप्रथम इसे एक बार मोड़िए। इसे पुनः मोड़िए और इसे निरंतर मोड़ते रहिए।
? आप कागज को कितनी बार मोड़ सकते हैं?
एस्तु कहता है, "मैंने सुना है कि कागज को 7 बार से अधिक नहीं मोड़ा जा सकता।”
रॉक्सी कहती है, "क्या होगा यदि हम एक पतला कागज, जैसे - एक समाचार पत्र या टिशू पेपर का उपयोग करते हैं?"
इस प्रक्रिया को विभिन्न प्रकार के कागजों के साथ करके देखिए कि क्या होता है।
? आप कागज को जितनी बार मोड़ना चाहते हैं उतनी बार मोड़ सकते हैं। मान लीजिए आपने कागज को 30 बार मोड़ा। 30 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई क्या होगी? अनुमान लगाइए।
आइए, पता लगाएँ कि कागज को 46 बार मोड़ने के पश्चात उसकी मोटाई कितनी होगी। मान लीजिए कि कागज की मोटाई 0.001 सेंटीमीटर है।
? निम्न तालिका में कागज को प्रत्येक बार मोड़ने के पश्चात उसकी मोटाई को सूचीबद्ध किया गया है। ध्यान से देखिए कि प्रत्येक मोड़ के पश्चात मोटाई दोगुनी हो जाती है।
(हम चिह्न '' का उपयोग 'लगभग समान' को दर्शाने के लिए करते हैं।)
10 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई अभी 1 सेंटीमीटर से अधिक अर्थात 1.024 सेंटीमीटर है।
17 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई लगभग 131 सेंटीमीटर अर्थात 4 फुट से थोड़ी-सी अधिक होगी।
? आपके विचारानुसार कागज को 30 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई क्या होनी चाहिए? इसे 45 बार मोड़ने के पश्चात मोटाई क्या होनी चाहिए? एक अनुमान लगाइए।
? नीचे दी गई तालिका को पूर्ण कीजिए।
कागज को 26 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई लगभग 670 मीटर है। अतः आप समझ गए होंगे कि यहाँ कागज की मोटाई विश्व की सबसे ऊँची मीनार दुबई में स्थित 'बुर्ज खलीफा' (जिसकी ऊँचाई 830 मीटर है) से केवल 140 मीटर ही कम है।
30 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई लगभग 10.7 किलोमीटर के समान है। यह एक ऐसी प्रतिरूपी ऊँचाई है जिस पर हवाई जहाज उड़ते हैं। इसके साथ ही आप देखेंगे कि यहाँ कागज की मोटाई महासागरों में खोजा गया सबसे गहरा बिंदु मारियाना ट्रेंच (जिसकी गहराई 11 किलोमीटर है) से कुछ ही मीटर कम है।
इस तथ्य को समझना अत्यधिक कठिन है कि कागज को मात्र 46 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई 7,00,000 किलोमीटर से अधिक होगी। यह एक गुणनात्मक वृद्धि की घात है। इसे चरघातांकी वृद्धि भी कहा जाता है। आइए, हम इस वृद्धि का विश्लेषण करें। पूर्व में हम देख चुके हैं कि प्रत्येक मोड़ के पश्चात कागज की मोटाई दोगुनी हो जाती है।
दो बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई में हुए परिवर्तन पर ध्यान दीजिए। इसमें कितनी वृद्धि हुई है?
कागज को तीन बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई में 8(= 2 * 2 * 2 ) गुना वृद्धि हो जाती है। यदि यह सत्य है तो इसकी जाँच कीजिए। सामान्यतः किसी कागज को 10 बार मोड़ने के पश्चात कागज की मोटाई में 1024 (= 2 की स्वयं से 10 बार) गुना की वृद्धि होती है जैसा कि नीचे तालिका में दर्शाया गया है।
2.2 चरघातांकी संकेतन और संक्रियाएँ
कागज की प्रारंभिक मोटाई 0.001 सेंटीमीटर थी।
कागज को 1 बार मोड़ने के पश्चात इसकी मोटाई 0.001 सेंटीमीटर * 2 = 0.002 सेंटीमीटर हो जाती है।
इसी कागज को 2 बार मोड़ने पर इसकी मोटाई -
0.001 सेंटीमीटर * 2 * 2 = 0.004 सेंटीमीटर या 0.001 सेंटीमीटर * 22 = 0.004 सेंटीमीटर (लघु रूप में) हो जाती है -
अब कागज को 3 बार मोड़ने के पश्चात इसकी मोटाई -
0.001 सेंटीमीटर * 2 * 2 * 2 या 0.001 सेंटीमीटर * 2 3 = 0.008 सेंटीमीटर हो जाती है।
जब कागज को 4 बार मोड़ा जाता है तो इसकी मोटाई 0.001 सेंटीमीटर * 2 * 2 * 2 * 2 या 0.001 सेंटीमीटर * 24 = 0.016 सेंटीमीटर हो जाती है।
कागज को 7 बार मोड़ने पर मोटाई के लिए व्यंजक 0.001 सेंटीमीटर 2 * 2 * 2 * 2 * 2 * 2 * 2 या 0.001 सेंटीमीटर * 2 7 = 0.128 सेंटीमीटर होगा।
अतः हम समझ चुके हैं कि वर्ग संख्याओं को n 2 से तथा घन संख्याओं को n 3 से निरूपित किया जा सकता है।
n*n = n 2 (को n का वर्ग या n की घात 2 पढ़ा जाता है।)
n*n*n = n 3 (को n का घन या n की घात 3 पढ़ा जाता है।)
n*n*n *n = n 4 (को n की घात 4 या n की चौथी घात पढ़ा जाता है।)
n*n*n*n*n*n*n = 7 (को n की घात 7 या n की सातवीं घात पढ़ा जाता है।)
इसी प्रकार यह प्रक्रिया निरंतर चलती रहेगी।
सामान्यतः n को स्वयं से a बार गुणा करने को हम na लिखकर प्रदर्शित करते हैं।
5 4 = 5 * 5 * 5 * 5 = 625
5 4, 625 का घातांकीय रूप है। यहाँ संख्या 4 घात और संख्या 5 आधार है।
5n के रूप में अंकित घातांकों को 5 की घातें कहा जाता है,
जैसे- 51,52,53, 54 आदि। 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 = 2 10 = 1024
54 को पढ़ा जाता है-
'5 की घात 4' या
'5 की चौथी घात'
पूर्व पृष्ठ पर अंकित 1024 का स्मरण कीजिए। वहाँ कागज को 10 बार मोड़ने के पश्चात मोटाई में 1024 गुना वृद्धि होती थी।
? बताइए कि कागज को 10 बार मोड़ने के पश्चात निम्नलिखित में कौन-सा व्यंजक कागज की मोटाई को व्यक्त करता है? प्रारंभिक मोटाई को अक्षर संख्या द्वारा निरूपित किया गया है।
(i) 10v (ii) 10 + v (iii) 2 × 10 × v (iv) 210 (v) 210v (vi) 102v
घातांकीय संकेतन के कुछ और उदाहरण निम्न हैं
4 × 4 × 4 = 43 = 64
(-4) * (-4) * (-4) = (-4)3 = - 64
(- 4)(- 4)(- 4) = (- 4) 3 = - 64
इसी प्रकार
a × a × a × b × b को a3b² के रूप में व्यक्त किया जा सकता है
(इसे a का घन b का वर्ग के रूप में पढ़ा जाता है)। a × a × b × b × b × b को a2 b4 के रूप मेें व्यक्त किया जा सकता है (इसे a का वर्ग b की घात 4 के रूप मेें पढ़ा जाता है)।स्मरण रखिए कि 4 + 4 + 4 = 3 * 4 = 12 जबकि 4 * 4 * 4 = 4 3 = 64 है।
? संख्या 32400 को अभाज्य गुणनखंडों के गुणनफल के रूप में व्यक्त कीजिए और अभाज्य गुणनखंडों को उनके चरघातांकी रूप में प्रदर्शित कीजिए।
32400 =2 × 2 × 2 × 2 × 5 × 5 × 3 × 3 × 3 × 3 इसका चरघातांकी रूप इस प्रकार है
32400 = 2 4 * 5 2 * 3 4? (-1) 5 का मान क्या होगा? यह संख्या धनात्मक है या ऋणात्मक? (-1)56 के विषय में आपका क्या विचार है?
? क्या (-2) 4 = 16 होता है? सत्यापित कीजिए।
0n का मान क्या है?
? आइए, पता लगाएँ
1. निम्नलिखित को घातांकीय रूप में व्यक्त कीजिए।
- (i) 6×6×6×6
- (ii) y x y
- (iii) b × b × b × b
- (iv) 5×5×7×7×7
- (v) 2 × 2 × a × a
- (vi)a × a × a × c × c × c × c × d
2. नीचे दी गई संख्याओं के अभाज्य गुणनखंडन कीजिए तथा इन्हें चरघातांकी रूप में व्यक्त कीजिए।
- (i) 648
- (ii) 405
- (iii) 540
- (iv) 3600
3. नीचे दिए गए प्रत्येक व्यंजकों का संख्यात्मक मान लिखिए।
- (i) 2 * 10 3
- (ii) 7 2 x 2 3
- (iii) 3 x 4 4
- (iv) (- 3) 2* (- 5) 2
- (v) 3 2 * 10 4
- (vi)(- 2) 5 *(- 10) 6
चमकते पत्थर...
? आँखों में उत्सुकता लिए तीन पुत्रियाँ राजसी पुरस्कार के रूप में मिली प्रत्येक को तीन टोकरियाँ प्रत्येक टोकरी में थी चाँदी की तीन चाबियाँ प्रत्येक पुत्री सरलता से खोलती है तीन बड़े कक्ष प्रत्येक कक्ष में मेज हैं एक, दो, तीन देखिए प्रत्येक पर तीन चमचमाते हुए गले के हार हैं। प्रत्येक गले के हार में तीन उत्कृष्ट हीरे हैं। क्या आप इन चमकीले रत्नों की गणना कर सकते हैं?
संकेत - टोकरियों और कक्षों की संख्या का पता लगाइए।
? वहाँ कुल कितने कक्ष थे?
उपर्युक्त सूचना को निम्न चित्र द्वारा दर्शाया जा सकता है।
चित्र केे अनुसाुार कक्षोंं की संंख्याा 34 हैै।
इसकी गणनाा 3 को स्वयंं सेे चाार-बाार गुण करकेे की जा सकती हैै।
- 3 * 3 = 9
- 9 * 3 = 27
- 27 * 3 = 81
? वहाँ कुल कितने हीरे थे? क्या हम उपर्युक्त गुणनफल का उपयोग करके केवल एक गुणन द्वारा यह ज्ञात कर सकते हैं?
हीरों की संख्या 3 × 3 × 3 × 3 × 3 × 3 × 3 = 3 7 है।
हम लिख सकते हैं
- 3 7 = (3 * 3 * 3 * 3)(3 * 3 * 3)
हमने 3 4 तक गणना की थी। 3 7 ज्ञात करने के लिए हम 3 4(=81) को 3 3 (=27) से गुणा कर सकते हैं।
- = 3 4 × 3 3
- = 81 × 27 = 2187
? 3 7 को 32 * 3 5 के रूप में भी लिखा जा सकता है। क्या आप इस प्रकार लिखने का कारण बता सकते हैं? इसे सरलता से गुणनफल में बढ़ाया जा सकता है जहाँ घातांक के समान अक्षर संख्याएँ होती हैं।
? गुणनफल p 4 * p 6 को चरघातांकी रूप में लिखिए।
- p 4 * p 6 = (p × p × p × p) × (p × p × p × p × p × p) = p 10
हम इसे व्यापकीकृत कर सकते हैं -
- n a * n b = n (a + b) जहाँ व और b गणन संख्याएँ हैं।
? उपर्युक्त अवलोकन के आधार पर निम्नलिखित व्यंजकों की गणना कीजिए।
- (i) 2 9
- (ii) 5 7
- (iii) 4 6
4 6 को दो विधियों से ज्ञात किया जा सकता है।
(4 × 4 × 4) × (4 × 4 × 4) = 43 × 43 = 64 × 64 = 4096 43 का वर्ग है— 43*43 अर््थथात43 × 43 को (43)2 के रूप मेें भी लिख सकते हैैं। |
(4 × 4)×(4 × 4)×(4 × 4)=42×4 2×42 = 16 × 16 × 16 = 4096 42का घन है- 4 2 * 42 * 4 2अर्थात 4 2 * 4 2 * 4 2 को (4 2)3 के रूप में भी लिख सकते हैं। |
- इसी प्रकार 7 4 = (7 * 7)(7 * 7) = 7 2 * 7 2
- = (7 2 ) 2
- और 2 10 = (2 * 2)(2 * 2)(2 * 2)(2 * 2)(2 * 2)
- = (22) × (22) × (22) × (22) × (22)
=(2 2)5
? क्या 210 तथा (2 5)2 एक समान हैं? आप इसे एक गुणनफल के रूप में लिखिए।
- 210 = (2 × 2 × 2 × 2 × 2) × (2 × 2 × 2 × 2 × 2)
- = (25) × (25)
- = (25)2
साामाान्यत: (na)b = (nb)a= na*b= nab जहाँँa और b गणन संं ख्यााएँँ हैंं।
? निम्नलिखित व्यंजकों को कम से कम दो विधियों से घात की घात के रूप में लिखिए।
(i) 8 6 (ii) 715 (iii) 914 (iv) 58जादुई तालाब
? एक सुंदर जादुई तालाब के मध्य में एक चमकीला गुलाबी कमल का फूल खिला हुआ है। इस तालाब में प्रत्येक दिन कमल की संख्या दोगुनी हो जाती है। 30 दिन के पश्चात संपूर्ण तालाब कमल के फूल से भर जाता है।
वह कौन-सा दिन था जब तालाब आधा भरा हुआ था?
यदि 30वें दिन तालाब पूरी तरह कमल के फूलों से भरा हुआ है तो 29वें दिन इसका कितना भाग कमल के फूलों से भरा होगा?
चूँकि प्रत्येक दिन कमल के फूलों की संख्या दोगुनी हो जाती है इसलिए 29वें दिन तालाब आधा भरा होना चाहिए।
? कमल के फूलों की संख्या (चरघातांकी रूप में) लिखिए जब तालाब
- (i) पूर्ण भरा हो
- (ii) आधा भरा हो
? वहाँ एक अन्य तालाब भी है जिसमें प्रतिदिन कमल के फूलों की संख्या तिगुनी हो जाती है। जब दोनों तालाबों में कोई फूल नहीं है तब दमयंती प्रतिदिन तालाब में (जिसमें कमल के फूल दुगुने हो जाते हैं) एक कमल रखती है। चार दिन के पश्चात वह वहाँ से सभी कमल के फूल लेकर उन्हें तिगुने होने वाले तालाब में डाल देती है। चार दिन के पश्चात दूसरे तालाब में (जिसमें कमल के फूल तिगुने हो जाते हैं) कितने कमल होंगे?
पहले 4 दिन के पश्चात कमल के फूलों की संख्या 1 * 2 * 2 * 2 * 2 = 2 4 है।
अगले 4 दिन के पश्चात कमल के फूलों की संख्या 2 4 * 3 * 3 * 3 * 3 = 2 4* 3 4 है।
? यदि दमयंती ने तालाब में फूलों को रखने के क्रम में परिवर्तन कर दिया होता तो क्या होता? वहाँ कितने कमल होते?
- 1 * 3 4 * 2 4 = (3 * 3 * 3)(2 * 2 * 2 * 2)
? क्या इस गुणनफल को घातांक mn में व्यक्त किया जा सकता है, जहाँ m और n गणन संख्याएँ हैं?
संख्याओं को पुनः समूहित करने पर
- = (3 * 2)(3 * 2)(3 * 2)(3 * 2)
- = (3 * 2) 4 = 6 4
व्यापकीकृत रूप में
m a * n a = (mn) a जहाँ a एक गणन संख्या है।
उपर्युक्त का अवलोकन कीजिए। इस अवलोकन का प्रयोग 2 5 * 5 5 का मान ज्ञात करने की गणना में कीजिए।
? (10 4/5 4 )को सरल कीजिए और इसे चरघातांकी रूप में लिखिए।
सामान्यतः हम दर्शा सकते हैं कि (m a )/(n a) = (m/n) a हैं
कितने संयोजन
? एस्तु के पास 4 वेशभूषा और 3 टोपियाँ हैं। एस्तु वेशभूषा और टोपियों का संयोजन कितने प्रकार से कर सकता है?
प्रत्येक टोपी के लिए वह 4 वेशभूषा में से कोई भी एक वेशभूषा का चयन कर सकता है। अत: 3 टोपियों के लिए 4 + 4 + 4 = 4 × 3 = 12 संयोजन संभव हैं। हम इसे इस प्रकार भी समझ सकते हैं, जैसे- प्रत्येक वेशभूषा के लिए एस्तु तीन में से कोई भी एक टोपी का चयन कर सकता है। अतः 4 वेशभूषा के लिए 3 + 3 + 3 + 3 = 3 × 4 = 12 संयोजन संभव हैं।
? रॉक्सी के पास 7 वेशभूषा, 2 टोपी और 3 जोड़ी जूते हैं। रॉक्सी इन्हें कितने प्रकार से पहन कर सुसज्जित हो सकती है?
संकेत – उपर्युक्त चित्र की भाँति एक अन्य चित्र बनाने का प्रयास कीजिए।
? एस्तु और रॉक्सी को एक तिजोरी प्राप्त हुई जिसमें इनके परदादा द्वारा संग्रहीत की गई पुरानी टिकटें और सिक्के थे। यह तिजोरी 5 अंकीय गुप्त संकेत वाले ताले से सुरक्षित थी। किसी को भी गुप्त संकेत के विषय में कुछ भी ज्ञात नहीं था। इन दोनों के पास प्रत्येक गुप्त संकेत को प्रयास करने के अतिरिक्त कोई विकल्प नहीं था जब तक कि वह खुल न जाए। संयोगवश ताला केवल अंतिम गुप्त संकेत का उपयोग करके खुला जबकि वे सभी संभव संयोजनों का प्रयोग कर चुके थे। उन्होंने कितने गुप्त संकेतों की जाँच की?
यदि आप एक समस्या को हल नहीं कर सकते हैं तो समस्या को सरल करने का प्रयास कीजिए जिससे आप समस्या को हल कर सकें। यह तकनीक समस्या समाधान हेतु उपयोगी सिद्ध हो सकती है।
मान लीजिए 5 अंकों वाले ताले के स्थान पर हमारे पास एक 2 अंकों वाला ताला है। यह ज्ञात करने का प्रयास कीजिए कि इस ताले को खोलने के लिए कितने गुप्त संकेत संभव हैं।
यहाँ प्रथम अंक के लिए 10 विकल्प (0 से 9) हैं। इनमें से प्रत्येक विकल्प के लिए दूसरे अंक के 10 विकल्प (यदि 0 प्रथम अंक है तो 00, 01, 02, 03, ...09 संभव है) होंगे। अत: 2 अंकों वाले ताले के लिए संयोजन की कुल संख्या 10 * 10 = 100 होगी।
अब मान लीजिए हमारे पास 3 अंकों वाला ताला है। ऊपर बताए गए 100 गुप्त संकेतों (2 अंकीय) में से प्रत्येक के लिए तीसरे अंक के 10 विकल्प हैं। अतः 3 अंकों वाले ताले के लिए कुल संयोजन 100 * 10 = 1000 होंगे। आप इन सभी की सूची भी बना सकते हैं, जैसे - 000, 001, 002,........., 997, 998, 999
5 अंकों वाले कितने गुप्त संकेत संभव हैं?
अरे नहीं! इसे खोलने के प्रयास में तो मेरी सभी छुट्टियाँ समाप्त हो जाएँगी...
प्रत्येक अंक के लिए 10 विकल्प हैं अतः
एक 5 अंकों वाले ताले के लिए
10 × 10 × 10 × 10 × 10 =105 = 1,00,000
गुप्त संकेत होंगे। यह 99,999 तक की संख्याओं को सभी 5 अंकों के साथ लिखने के समान है जैसे-00000,00001, 00002,...,00010, 00011, ..., 00100, 00101, ..., 00999, ( ..., 30456, ..., 99998, 99999
एस्तु कहता है, "अगली बार मैं एक ऐसा ताला खरीदूँगा जिसमें A से Z तक अक्षरों वाले 6 खाँचे हों। मेरे विचार से यह अधिक सुरक्षित है।"
? ऐसे ताले के कितने गुप्त संकेत संभव हैं?
? विचार कीजिए कि अलग-अलग संदर्भों में कितने संयोजन संभव हैं। इस संदर्भ में कुछ उदाहरण निम्नलिखित हैं -
- (i) भारत में स्थानों के पिनकोड - मध्यप्रदेश में विदिशा का पिनकोड 464001 है। मिजोरम में जेमाबाक का पिनकोड 76017 है।
यह समझने का प्रयास कीजिए कि संख्याएँ या कोड कैसे आवंटित किए जाते हैं।
2.3 घातों का दूसरा पक्ष
एक 16 इकाई वाली लंबी रेखा की कल्पना कीजिए। इसके आधे भाग को मिटाने पर परिणाम
(2 4) / 2 = (2 * 2 * 2 * 2)/2 = 2 * 2 * 2 = 2 3 = 8 इकाई होगा।
एक और बार इसके आधे भाग को मिटाने पर परिणाम
(2 4 ÷ 2) ÷ 2 = 2 4 ÷ 2 2 = 2 × 2 × 2 × 2/2 × 2= 2 × 2 = 2 2 = 4 इकाई होगा।
16 सेंटीमीटर को तीसरी बार आधा करने पर परिणाम
2 4 ÷ 2 3=(2 × 2 × 2× 2 )/ (2 × 2 × 2)= 2 = 2 1 = 2 इकाई होगा।इससे हम यह ज्ञात कर सकते हैं कि
2 4 ÷ 2 3 = 2 4–3 = 2 1
? 2 की घात में (2 100) / (2 25 ) क्या होगा?
व्यापकीकृत रूप में
na/ nb = na-b
जहाँ n ≠ 0 और a तथा b गणन संख्याएँ है और a > b
? n शून्य क्यों नहीं हो सकता?
? हमने वह स्थिति नहीं समझी है जिसमें घातांक 0 हो। उदाहरण के लिए 2° क्या है?
आइए, हम 2° को इस प्रकार परिभाषित करें कि उपर्युक्त व्यापकीकृत रूप सत्य हो।
20 = 24–4 = 24÷ 24=2 × 2 × 2 × 2/2 × 2 × 2 × 2= 1
वस्तुतः किसी अक्षर a के लिए
- 2 0 = 2 (a - a) = (2 a ) / (2 a ) = 1
व्यापक रूप से
- (x a ) / (x a ) = x a - a = x0
- अत: x0= 1
जहाँ x ≠ 0 और a एक गणन संख्या है।
जब घात में शून्य हो !
जब 2 4 इकाई वाली एक लंबी रेखा को 5 बार आधा किया जाता है-
- 24÷ 25=(2 × 2 × 2 × 2)/(2 × 2 × 2 × 2 × 2) =1/2 इकाई
व्यापकीकृत रूप में उपयोग करने पर हमें 24 / 25) = 2(4 - 5) = 2 - 1 प्राप्त होता है।
अत: 2– 1=1/2
जब 2 4इकाई वाली एक लंबी रेखा को 10 बार आधा किया जाता है
तो हमें 2 4/ 210 = 2 (4 - 10)= 2 - 6 इकाई प्राप्त होती है।
विस्तारित करने पर
- 2 4 ÷ 210 =(2 × 2 × 2 × 2)/(2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2 × 2) =
- (1/2)6 =(1/64),इसे
2– 6 के रूप मेें भी लिखा जा सकता है।
इसी प्रकार 10– 3=1/10 3, 7–2=1/72 इत्यादि।
? क्या हम 10 3 =1/10-3 लिख सकते हैं? 3हम लिख सकते हैं-
- 1 / 10-3 =1/(1/10)3
- = 1 ÷1/10 3 = 1×103
- = 103
इसी प्रकार 72 =1/7-2 और 4a =1/4-a
व्यापकीकृत रूप में
- n– a= 1/naऔरna=
- 1/n -a जहाँ n ≠ 0
हमारे द्वारा पहचाने गए निम्नलिखित व्यापकीकृत रूपों पर विचार कीजिए।
| na× nb= na+b | (na)b = (nb)a= na*b | na÷ nb= n(a – b) |
? हमें a और b गणन संख्या लेने की आवश्यकता थी। क्या a और b कोई भी पूर्णांक हो सकते हैं? क्या व्यापकीकृत रूप अभी भी सत्य होगा?
? निम्नलिखित के समतुल्य रूप लिखिए।
(i) 2 - 4 (ii) 10 - 5 (iii) (- 7) - 2 (iv) (- 5) - 3 (v) 10 -100? नीचे दिए गए प्रश्नों को हल कीजिए एवं उत्तरों को चरघातांकी रूप में लिखिए।
(i) 2 - 4 (ii) 10 - 5 (iii)(– 7) - 2 (iv) (– 5) - 3 (v)10-100? नीचेे दिए गए प्रश्नोंं को हल कीजिए एवंं उत्तरोंं को चरघाातांंकी रूप मेंं लिखिए।
- (i) 2–4× 27
- (ii) 32× 3–5× 36
- (iii) p3 × p–10
- (iv) 24× (– 4)–2
- (v)8 p × 8q
घात रेखाएँ
आइए, 4 की घातों को एक रेखा के अनुदिश व्यवस्थित करें।
? क्या हम यह कह सकते हैं कि संख्या 16384 (4 7) संख्या 1024 (45 ) से 16 (4 2 ) गुना बड़ी है?
हाँ, चूँकि (47)/(4 5 )=4 2 है ।? 4 2 , 4 - 2 से कितने गुना बड़ा है?
? निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर देने के लिए 7 की घात रेखा का उपयोग कीजिए।
2.4 10 की घात
हमने भारतीय अंकों को विस्तारित रूप में लिखते समय संख्याओं, जैसे — 10, 100, 1000, ...
इत्यादि का उपयोग किया है। उदाहरण के लिए
- 47561 = (4 * 10000) + (7 * 1000) + (5 * 100) + (6 * 10) + 1
उपर्युक्त संख्या को 10 की घात का उपयोग करके निम्नलिखित रूप में लिखा जा सकता है।
- (4 * 10 4) + (7 * 10 3) + (5 * 10 2) + (6 * 10 1) + (1 * 10 0)
? इन संख्याओं को उपर्युक्त विधि से लिखिए -
- (i) 172
- (ii) 5642
- (iii) 6374
? हम 561.903 को किस प्रकार लिख सकते हैं?
561.903 = (5 * 100) + (6 * 10 ) +1 + (9 * 1/10 ) + (0 * 1/100) + (3 * 1/1000 )इसे 10 की घात का उपयोग करके लिखने पर हमें प्राप्त होता है।
561.903 = (5 * 102) + (6 * 101) + (1 × 100 )+ ( 9 * 10-1) + (0 * 10-2) + (3 * 10-3)
वैज्ञानिक संकेतन
आइए, बड़ी संख्याओं से संबंधित कुछ तथ्यों पर ध्यान दें -
- (i) सूर्य हमारी मिल्की वे आकाशगंगा के
केंद्र से 30,00,00,00,00,00, 00,00,00,000 मीटर दूर स्थित है। - (ii) हमारी आकाशगंगा में तारों की संख्या 1,00,00,00,00,000 हैं।
- (iii) पृथ्वी का द्रव्यमान 59,76,00,00,00,00,
00,00,00,00,00,000 किलोग्राम है।
जैसे-जैसे अंकों की संख्या बढ़ती जाती है संख्याओं को सही प्रकार से पढ़ना कठिन होता जाता है। शून्यों की संख्या की गणना में हमसे त्रुटि हो सकती है या अल्पविराम का प्रयोग हम गलत स्थान पर कर सकते हैं। ऐसी स्थिति में मान को पढ़ने में भी त्रुटि हो सकती है। इसे इस उदाहरण से समझ सकते हैं, जैसे - आपको 50,000 रुपए मिलने चाहिए थे लेकिन आपको 5,000 रुपए मिले। कुछ स्थितियों में प्रारंभिक अंक की अपेक्षा शून्यों की संख्या अधिक महत्त्वपूर्ण होती है।
क्या हम इन बहुत बड़ी संख्याओं को सरल बनाने और सही ढंग से पढ़ने के लिए चरघातांकी संकेतन का उपयोग कर सकते हैं?
उदाहरण के लिए - संख्या 5900 को निम्न प्रकार से व्यक्त किया जा सकता है
5900 = 590 × 10 = 590 × 101- = 59 × 100 = 59 × 102
- = 5.9 × 1000 = 5.9 × 103
- = 0.59 × 10000 = 0.59 × 104
1 और 10 के बीच की किसी भी संख्या को 10 की घात के गुणनफल के रूप में लिखा जा सकता है। उदाहरण के लिए -
- 5900 = 5.9 * 10 3
- 20800 = 2.08 * 10 4
- 80,00,000= 8 × 10 6
? पूर्व में पढ़ी गई बड़ी संख्याओं के विषय में ज्ञात तथ्यों को लिखिए।
वैज्ञानिक संकेतन या वैज्ञानिक रूप (जिसे मानक रूप भी कहा जाता है।) में हम संख्याओं को x * 10 y के रूप में लिखते हैं जहाँ x >= 1 और x < 10 एक गुणांक है और घातांक y पूर्णांक है। प्रायः घातांक y गुणांक x से अधिक महत्त्वपूर्ण होता है। जब हम मुंबई की 2 करोड़ जनसंख्या को 2 * 10 7 लिखते हैं तो 7, 2 से अधिक महत्त्वपूर्ण होता है। निश्चित रूप से यदि 2 को 3 से परिवर्तित कर दिया जाए तो जनसंख्या में आधे की वृद्धि होती है अर्थात 2 करोड़ से 3 करोड़ दूसरी ओर यदि 7 को 8 से परिवर्तित कर दिया जाए तो जनसंख्या में 10 गुना परिवर्तन होगा अर्थात जनसंख्या 2 करोड़ से 20 करोड़ हो जाएगी। अतः मानक रूप में घातांक का स्पष्ट रूप से वर्णन आवश्यक होता है जो कि किसी संख्या में अंकों की संख्या को दर्शाता है।
यदि हम कहते हैं कि कोहिमा की जनसंख्या 1,42,395 है तो इससे यह प्रतीत होता है कि हम इस संख्या के इकाई के स्थान तक पूरी तरह आश्वस्त हैं। जब हम बड़ी संख्याओं का उपयोग करते हैं तो अधिकांश स्थितियों में हम सटीक मान की अपेक्षा इस बात का विशेष ध्यान रखते हैं कि मात्रा या माप कितना बड़ा है। यदि हम आश्वस्त हैं कि जनसंख्या लगभग 1 लाख 42 हजार है तो हम इसे 1.42 * 10 5 के रूप में भी लिख सकते हैं। यदि जनसंख्या लगभग 1 लाख 40 हजार है तो हम इसे 1.4 * 10 5 के रूप में लिख सकते हैं। गुणांक में अंकों की संख्या दर्शाती है कि हमें संख्या की कितनी सटीक जानकारी है। मानक रूप में लिखी गई किसी भी संख्या का सबसे महत्त्वपूर्ण भाग के पहले अंक का महत्त्व होता है। गुणांक के पश्चात के घातांक होता है और इसके पश्चात गुणांक अंक पूर्व अंक के छोटे संशोधन होते हैं।
इस डायनासोर का कंकाल कितना पुराना है?
|
यह 70 मिलियन (7 करोड़) 15 वर्ष पुराना है।
|
जब मैंने यहाँ कार्य करना प्रारंभ किया था तब यह 70 मिलियन (7 करोड़) वर्ष पुराना
था।
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प्रायः ये मान पूर्णांकित अनुमान, औसत या सन्निकट होते हैं जो उद्देश्य की पूर्ति करते हैं।
सूर्य और शनि के मध्य दूरी 14,33,50,00,00,000 मीटर = 1.4335 ×10 12 मीटर है।
शनि और अरुण के मध्य दूरी 14,39,00,00,00,000 मीटर = 1.439 × 10 12 ; मीटर है।
सूर्य और पृथ्वी के मध्य दूरी 1,49,60,00,00,000 मीटर = 1.496 × 10 11 मीटर है।
?क्या आप बता सकते हैं कि तीनों दूरियों में सबसे कम दूरी किसकी है?
? नीचे दी गई संख्या रेखा सूर्य और शनि के मध्य दूरी ( 1.435× 10 12 मीटर) को दर्शाती है। इस संख्या रेखा पर पृथ्वी की सापेक्ष स्थिति को चिह्नित कीजिए। ध्यान दीजिए कि सूर्य और पृथ्वी के बीच की दूरी 1.496 * 10 11 मीटर है।
? निम्नलिखित संख्याओं को मानक रूप में व्यक्त कीजिए।
- (i) 59,853
- (ii) 65,950
- (iii) 34,30,000
- (iv) 70,04,00,00,000
2.5 क्या आपने कभी विचार किया है?
कक्षा 7 की पाठ्यपुस्तक गणित प्रकाश में हमने बड़ी संख्याओं वाले अध्याय में रोचक विचार एवं प्रयोगों पर ध्यान आकर्षित किया था। आइए, इस यात्रा को बनाए रखें।
नंजनदुप्पा, रॉक्सी के भार के समान गुड़ और एस्तु के भार के समान गेहूँ दान करना चाहता है। वह सोचता है कि इसका मूल्य कितना होगा।
? बताइए कि दान किए गए गुड़ का मूल्य (रुपयों में) क्या होगा? दान किए गए गेहूँ का मूल्य (रूपयों में) क्या होगा?
उपर्युक्त को ज्ञात करने के लिए आइए, हम सबसे पहले उपस्थित मात्राओं के मध्य संबंधों का वर्णन करें।
गुड़ की कीमत (रूपयों में) = रॉक्सी का भार (किलोग्राम में) × 1 किलोग्राम गुड़ का मूल्य
गेहूँ की कीमत (रूपयों में) = एस्तु का भार (किलोग्राम में) × 1 किलोग्राम गेहूँ का मूल्य
? ज्ञात करने के लिए आवश्यक और तार्किक धारणाएँ बनाइए और उत्तर ज्ञात कीजिए। याद रखिए रॉक्सी की आयु 13 वर्ष और एस्तु की आयु 11 वर्ष है।
मान लीजिए कि रॉक्सी का भार 45 किलोग्राम है और 1 किलोग्राम गुड़ का मूल्य ₹70 है। दान किए गए गुड़ का मूल्य 45 * 70 = ₹3150 है। इसके साथ ही मान लीजिए कि एस्तु का भार 50 किलोग्राम है और 1 किलोग्राम गेहूँ का मूल्य ₹50 है तो दान किए गए गेहूँ का मूल्य 50 * 50 =₹2500 है।
व्यक्ति के भार के समान वस्तु विनिमय की प्रथा को तुलाभार या तुलाभारम कहा जाता है। यह एक पुरातन पद्धति है। यद्यपि यह दक्षिण भारत में कई स्थानों पर वर्तमान समय में भी प्रचलित है। यह भक्ति (आत्मसमर्पण) और कृतज्ञता का प्रतीक है। इसके साथ यह समुदाय का भी सर्मथन करता है।
? रॉक्सी विचार करती है, "यदि हम गुड़ के स्थान पर 1 रुपए के सिक्के प्रयोग करें तो मेरे भार के समान कितने सिक्कों की आवश्यकता होगी?" बताइए हम यह किस प्रकार ज्ञात कर सकते हैं?
इस प्रकार के प्रश्नों के लिए आप सुझाए गए चरणों का पालन करने पर विचार कर सकते हैं।
1. अनुमान लगाना - किसी गणना के बिना सहज अनुमान लगाइए कि उत्तर क्या हो सकता है।
2. अनुमान और सन्निकटन का उपयोग करके गणना कीजिए।
- (i) उत्तर ज्ञात करने के लिए आवश्यक राशियों के मध्य संबंधों का वर्णन कीजिए।
- (ii) यदि आवश्यक जानकारी उपलब्ध न हो तो संभावित अभिधारणाएँ और सन्निकटन बनाइए।
- (iii) गणना करके उत्तर ज्ञात कीजिए एवं जाँचिए कि आपका आकलन कितना सटीक है।
? क्या सिक्कों की संख्या सैकड़ों, हजारों, लाखों, करोड़ों या उससे भी अधिक होगी? सहज अनुमान लगाइए।
? अज्ञात मानों के लिए आवश्यक और संभावित अभिधारणाएँ तथा सन्निकटन का उपयोग करके उत्तर ज्ञात कीजिए। ध्यान दीजिए कि हम सटीक उत्तर नहीं अपितु एक यथोचित रूप से निकट आकलन को देख रहे हैं।
प्रारंभ में आपका अनुमान उत्तर से बहुत दूर हो सकता है और यह पूर्णतया सही भी है। आप जैसे-जैसे पुनः और भिन्न-भिन्न परिस्थितियों में इसकी पुनरावृत्ति करेंगे आप इसमें श्रेष्ठ होते जाएँगे। अनुमान लगाने और आकलन करने के परिणामस्वरूप संख्याओं और विभिन्न राशियों के विषय में सहजबोध विकसित हो सकता है।
एस्तु पूछता है, "क्या होगा यदि हम इसके अतिरिक्त 5 रुपए के सिक्के या 10 रुपए के नोट का उपयोग करें? यह कितने रुपए होंगे?
? सर्वप्रथम सहज अनुमान लगाइए और इसके पश्चात ज्ञात कीजिए (अज्ञात विवरणों के विषय में आवश्यक और संभावित अभिधारणाएँ बनाइए और उत्तर ज्ञात कीजिए)।
एस्तु कहता है, "जब मैं वयस्क हो जाऊँगा तब मैं प्रत्येक वर्ष अपने भार के समान लेखन पुस्तिकाएँ दान करना चाहूँगा।" रॉक्सी कहती है, "जब मैं बड़ी हो जाऊँगी तब मैं प्रत्येक वर्ष अपने भार के समान अन्नदान (अनाज या भोजन देना) करना चाहूँगी।"
? रॉक्सी और एस्तु के उपर्युक्त प्रस्तावों से वर्ष में कितने व्यक्तियों को लाभ हो सकता है? ज्ञात करने से पूर्व पुनः अनुमान लगाइए।
रॉक्सी और एस्तु ने किसी को कहते हुए सुना- "हमने इस स्थान तक पहुँचने के लिए 400 किलोमीटर की पदयात्रा की है। हम आज प्रातः जल्दी पहुँच गए।"
? उन्होंने अपनी यात्रा कितने समय पूर्व प्रारंभ की होगी?
? आवश्यक अभिधारणाएँ और सन्निकटन बनाकर उत्तर ज्ञात कीजिए। गणना करने से पूर्व अनुमान लगाइए और जाँचिए कि आपका अनुमान कितना सटीक था।
शिक्षक हेतु टिप्पणी - अनुमान कई बार भिन्न हो सकते हैं और इस कारण से इन अनुमानों के आधार पर गणना से प्राप्त उत्तर भी भिन्न हो सकते हैं। यह पूर्णतः सही है। स्थिति का सही प्रकार से प्रतिरूपण महत्त्वपूर्ण । है जो कभी-कभी विभिन्न प्रकारों से भी किया जा सकता है। अनुमानित संख्याओं या मात्राओं की सटीकता, ' प्रदर्शन और अभ्यास से और अधिक श्रेष्ठ हो सकती है।
पदयात्रा धार्मिक या आध्यात्मिक साधना के अंतर्गत लंबी दूरी तक पैदल चलने की परंपरागत प्रथा है। हमारे देश में विभिन्न धर्मों का पालन करने वाले व्यक्ति तीर्थयात्रा या आध्यात्मिक पदयात्रा करते है, यद्यपि उनके नाम या उद्देश्य भिन्न-भिन्न हो सकते हैं।
अजमेर शरीफ दरगाह जियारत, पंढरपुर वारी, काँवड यात्रा, सबरीमाला यात्रा, सम्मेद शिखर जी यात्रा, लुंबिनी से सारनाथ यात्रा आदि कुछ प्रसिद्ध तीर्थयात्राएँ हैं।
आधुनिक परिवहन के आरंभ से पूर्व व्यक्ति एक स्थान से दूसरे स्थान तक पैदल ही आवागमन करते थे। कभी-कभी व्यापारी और विद्वान रेगिस्तान, पहाड़ एवं नदियों को पार करके विश्व के विभिन्न भागों में हजारों किलोमीटर तक पदयात्रा करते थे।
? यदि कोई व्यक्ति बिना रुके चले तो वह अपने जीवनकाल में पृथ्वी की कितनी बार परिक्रमा कर सकता है? मान लीजिए कि पृथ्वी के चारों ओर की दूरी 40,000 किलोमीटर है।
रैखिक वृद्धि बनाम चरघातांकी वृद्धि
रॉक्सी, एस्तु को एक काल्पनिक विज्ञान-कथा उपन्यास के विषय में बताती है जिसमें उसने पढ़ा था कि वे चंद्रमा तक पहुँचने के लिए एक सीढ़ी बनाते हैं।
रॉक्सी कहती है, "मुझे आश्चर्य है कि यदि हमारे पास वास्तव में ऐसी सीढ़ी होती तो उसमें कितने पायदान होते ?
? इसके विषय में आपका क्या विचार है? सर्वप्रथम सहज अनुमान लगाइए।
? क्या पायदानों की संख्या हजारों, लाखों, करोड़ों या उससे भी और अधिक होगी? यह ज्ञात करने के लिए हमें दो क्रमागत सीढ़ी पायदान के मध्य की दूरी को ज्ञात करना आवश्यक है। आइए, हम 20 सेंटीमीटर की एक संभावित दूरी मान लेते हैं। चित्र में दर्शाई गई समस्या का अनुमान लगाइए।
? हमें ज्ञात करना है कि कितने 20 सेंटीमीटर मिलकर 3,84,400 किलोमीटर बनाते हैं।
यदि हम इसकी गणना करते हैं तो परिणाम के रूप में हमें 1,92,20,00,000 पायदान प्राप्त होते हैं
जो कि 192 करोड़ 20 लाख पायदान हैं या 1 बिलियन 922 मिलियन पायदान। प्रत्येक पायदान के साथ पृथ्वी से दूरी में निश्चित वृद्धि (प्रत्येक पायदान के पश्चात 20 सेंटीमीटर की वृद्धि) को रैखिक वृद्धि कहते हैं।
पृथ्वी और चंद्रमा के बीच की दूरी तय करने हेतु रैखिक वृद्धि के साथ 1,92,20,00,000 पायदानों की आवश्यकता है। जबकि ऐसी स्थिति में चरघातांकी वृद्धि के साथ कागज के एक टुकड़े को मात्र 46 बार मोड़ना पड़ता है। इसके साथ ही ध्यान रखिए कि रैखिक वृद्धि योगात्मक होती है जबकि चरघातांकी वृद्धि गुणात्मक होती है।
इस अध्याय में चरघातांकी वृद्धि के कुछ उदाहरण हम पूर्व में ही समझ चुके हैं, जैसे- 'चमकते पत्थर...', 'जादुई तालाब', 'कितने संयोजन'। इसके साथ ही हम अगले अध्याय और अगली कक्षा में भी ऐसे ही कुछ अन्य रोचक उदाहरणों पर चर्चा करेंगे।
? क्या आप रैखिक वृद्धि और चरघातांकी वृद्धि के कुछ उदाहरण दे सकते हैं?
बड़ी संख्याओं को समझना
विगत वर्ष हमने लाख और करोड़ के साथ-साथ मिलियन और बिलियन के विषय में सीखा था। एक लाख 105 (1,00,000), एक करोड़ 107 और एक अरब 109(1,00,00,00,000) जबकि एक मिलियन 106 (1,000,000) होता है और एक बिलियन10 9 (1,000,000,000) होता है।
आप विश्व की मानव जनसंख्या के आकार से परिचित होंगे। क्या आपने कभी विचार किया है कि विश्व में कितनी चींटियाँ होंगी या मानव का उद्भव कितने वर्ष पूर्व हुआ होगा? इस भाग में हम अरब और बिलियन से भी बड़ी संख्याओं का अध्ययन करेंगे। हम प्रत्येक स्थिति में इन संख्याओं को दर्शाने और उनकी तुलना करने के लिए 10 की घातों का उपयोग करेंगे।
10° 2025 के मध्य तक विश्व में केवल दो उत्तरी सफेद गैंडे शेष हैं। दोनों मादा हैं और वे केन्या में ओल पेजेटा संरक्षण क्षेत्र में निवास करते हैं (= 2 ×10 0)
101 2024 केे आरंंभ तक हैनाैान गिब्बनस की कुुल संंख्या माात्र 42 (≈ 4×101) हैै।
102 2025 केे मध्य तक माात्र 242 काकापो (उल्लू, तोता) जीवित हैंं (≈ 2 × 10 2)।
103 विश्व मेें 3000 से भी कम कोमोडो ड्रेगन (एक प्रकार की विशाल छिपकली ) शेष हैैं जो इंडोंनेेशियाा मेंं पााई जााती हैंं (≈ 3 × 10 3)।
10 4 वर्ष 2005 में मेन्ड वुल्फ (भेड़िये की एक प्रजाति) की संख्या के आकलन से ज्ञात हुआ कि उनकी संख्या 17000 से अधिक है। इनमें से अधिकांश ब्राजील में पाए जाते हैं (1.7 * 10 4) |
10 5 वर्ष 2018 तक विश्व में लगभग 4.15 लाख अफ्रीकी हाथी निवास करते थे ( ≈ 4 × 10 5 )|
10 6 2025 तक विश्व में अमेरिकी मगरमच्छों की आकलित संख्या 50 लाख (5 मिलियन) है (5 * 10 6)|
10 7 वैश्विक स्तर पर ऊँटों की संख्या 3.5 करोड़ या 35 मिलियन से अधिक (3.5 *10 7) आकलित की गई है। इनमें से भारत में लगभग 2.5 लाख ऊँट पाए जाते हैं। वैश्विक स्तर पर घोड़ों की संख्या लगभग 5.8 करोड़ या 58 मिलियन (5.8 * 10 7) है। इनमें से लगभग आधे घोड़े अमरीका में पाए जाते हैं।
10 8 वैश्विक स्तर पर जलीय भैसों की आकलित संख्या 20 करोड़ (200 मिलियन) (2 * 10 8) से अधिक है इनमें से अधिकांश एशिया महाद्वीप में पाई जाती हैं।
10 9 वैश्विक स्तर पर मैना (स्टार्लिंग) पक्षी की जनसंख्या लगभग 1.3 अरब या 1.3 बिलियन आकलित की गई थी। वर्ष 2025 तक वैश्विक मानव जनसंख्या 8.2 अरब या 8.2 बिलियन (8.2 * 10 9) है।
? वैश्विक स्तर पर मानव जनसंख्या लगभग 8 × 109 है एवं अफ्रीकी हाथियों की संख्या लगभग 4 × 10 5 है। क्या हम कह सकते हैं कि प्रत्येक अफ्रीकी हाथी पर लगभग 20,000 व्यक्ति आकलित किए गए हैं?
10 10 वैश्विक स्तर पर किसी समय में जीवित मुर्गियों की आकलित संख्या ≈ 33 बिलियन (3.3 * 10 10)है।10 12 वैश्विक स्तर पर वृक्षों की आकलित संख्या (वर्ष 2023 में) 30 खरब या 3 ट्रिलियन (3 * 10 12)है। हम जानते हैं कि 1 खरब 100 अरब के समान होता है। इसके साथ ही 1 ट्रिलियन 1000 बिलियन के समान होता है।
10 14 संपूर्ण विश्व में मच्छरों की आकलित संख्या (वर्ष 2023 में) 11 नील या 110 ट्रिलियन है। इसके साथ ही अंटार्कटिक क्रिल की व्युत्पन्न आकलित संख्या 50 नील या 500 ट्रिलियन ( (5 * 10 14 ) है।10 15 झींगुर की आकलित संख्या 1 पदम या 1 क्वाड्रिलियन (1 * 10 15) है। केंचुओं की भी आकलित संख्या 1 पदम या 1 क्वाड्रिलियन है।
10 16 वैश्विक स्तर पर चींटियों की आकलित जनसंख्या 20 पदम 20 क्वाड्रिलियन 2 * 10 16 है। मात्र चींटियों की संख्या सभी जंगली पक्षियों और जंगली स्तनधारियों की संयुक्त संख्या से भी अधिक है।
10 21 पृथ्वी के सभी समुद्र तटों और रेगिस्तान में रेत के कणों की संख्या मानी जाती है। यह मात्रा इतनी है कि प्रत्येक चींटी के रहने के लिए 10 छोटे-छोटे रेत के महल बनाए जा सकते हैं।
10 23 अवलोकनीय ब्रह्मांड में तारों की आकलित संख्या है। 2 × 10 23हैं ।
10 25 पृथ्वी पर पानी की बूँदों की आकलित संख्या 2 * 10 25 हैं । (मान लीजिए 16 बूँदे प्रति मिलीलीटर)
?गणना कीजिए और वैज्ञानिक संकेतन का उपयोग करते हुए अपना उत्तर लिखिए।
- (i) विश्व में प्रत्येक मानव पर कितनी चींटियाँ हैं?
- (ii) यदि मैना के एक झुंड में 10,000 पक्षी हैं तो विश्व में मैना के कितने झुंड होंगे?
- (iii) यदि प्रत्येक वृक्ष पर लगभग 10 4 पत्तियाँ हों तो विश्व में सभी वृक्षों पर कुल पत्तियों की संख्या ज्ञात कीजिए।
- (iv) यदि आप कागज को एक के ऊपर एक रखें तो चंद्रमा तक पहुँचने के लिए आपको कितने कागजों की आवश्यकता होगी?
"आपकी आयु क्या है?” एस्तु ने पूछा।
इस संख्या का क्या अर्थ हो सकता है? ज्ञात कीजिए!
"कुछ सप्ताह पूर्व ही मैंने 13 वर्ष पूर्ण किए हैं" रॉक्सी ने कहा।
"आपकी आयु क्या है?” एस्तु ने पुनः पूछा।
"मैं 4840 दिन की हूँ।” रॉक्सी ने कहा।
"आपकी आयु क्या है?” एस्तु ने पुनः पूछा।
“मेरी आयु ———घंटे है।" रॉक्सी ने कहा।
इस संख्या को ज्ञात करने से पूर्व एक अनुमान लगाइए।
एस्तु - मैं आज 4070 दिन का हूँ। क्या आप मेरी जन्मतिथि ज्ञात कर सकते हैं?"
? यदि आप 10 लाख सेकंड तक जीवित रहें तो आपकी आयु कितनी होगी?
हम कुछ घटनाओं और परिघटनाओं के सन्निकट समय और समय-सीमा पर विचार करेंगे तथा इन राशियों को दर्शाने और तुलना करने के लिए 10 की घातों का उपयोग करेंगे।
सेकंड 10 2- एक कप चाय बनाने में लगने वाला समय–– 5 से 10 मिनट ≈1.6 मिनट ( ≈ 4 * 102 - 8 * 10 2 सेकंड)।
-सूर्य से पृथ्वी तक प्रकाश को पहुँचने में लगने वाला समय - लगभग 8 मिनट ( ≈ 5 * 10 2 सेकंड)।
उन्हें नूडल्स के लिए लगभग 10 2 सेकंड लिखना। चाहिए - इस प्रकार इसमें 120 सेकंड लगें या 900 सेकंड, यह अभिकथन सत्य होगा।
103सेकंड≈16.6 मिनट- पृथ्वी की निम्न कक्षा में पृथ्वी की एक परिक्रमा पूरी करने में उपग्रहों को 90 मिनट ( ≈ 5.5 * 10 3सेकंड) से 2 घंटे तक का समय लगता है।
10 सेकंड4≈2.7 घंटे- भोजन पचाने में लगने वाला समय- भोजन को पेट से होकर जाने में लगभग 2 से 4 घंटे लगते हैं।
-एक व्यस्क मेफ्लाई (मक्खी की प्रजाति) का जीवन काल - लगभग 1 दिन (≈ 9 * 10 4 सेकंड) का होता है।
? 10 5सेकंड ≈ 1.16 दिन और 10 सेकंड≈ 11.57 दिन कुछ घटनाओं या परिघटनाओं जिनका समय (i) 10 सेकंड और (ii) 10° सेकंड है, इस पर विचार कीजिए और इन्हें वैज्ञानिक संकेतन में लिखिए।
103 सेकंड
≈ 16.6 मिनट
पृथ्वी की निम्न कक्षा में पृथ्वी की एक परिक्रमा पूरी करने में उपग्रहों को 90 मिनट (≈ 5.5 × 103 सेकंड) से 2 घंटे तक का समय लगता है।
104 सेकंड ≈2.7 घंटे
भोजन पचाने में लगने वाला समय — भोजन को पेट से होकर जाने में लगभग 2 से 4 घंटे लगते हैं ।
-एक व्यस्क मेफ्लाई (मक्खी की एक प्रजाति) का जीवन काल लगभग 1 दिन (≈ 9 × 104 सेकंड) होता है।
105 सेकंड ≈ 1.16 दिन
106 सेकंड ≈ 11.57 दिन
कुछ घटनाएँ या परिघटनाएँ जिनका समय
-
(
i) 10 5 सेकंड और (ii) 10 6 सेकंड है, इस पर विचार कीजिए और इन्हें वैज्ञानिक संकेतन में लिखिए।
-
107 सेकंड ≈ 115.7 दिन
≈ 3.8 मास
- एक वर्ष में सोने में व्यतीत किया गया समय लगभग 4 मास।
- मंगलयान को मंगल ग्रह तक पहुँचने में लगा समय 298 दिन (≈ 2.65 × 107 सेकंड) ।
- सूर्य के चारों ओर एक पूर्ण परिक्रमा करने में मंगल ग्रह द्वारा लिया गया समय 687 पृथ्वी दिन या1.88 पृथ्वी-वर्ष (≈ 6 × 107 सेकंड)।
-
108 सेकंड ≈ 3.17 वर्ष
- सामान्यतः कुत्तों का जीवनकाल 3 से 15 वर्ष होता है।
-
109 सेकंड ≈ 31.7 वर्ष
- हैली धूमकेतु की परिक्रमा अवधि 75 से 79 वर्ष है। उसका अगला अपेक्षित वापसी वर्ष 2061 (≈ 2.4 × 109 सेकंड) है।
- वरूण ग्रह (नेपच्यून) द्वारा सूर्य के चारों ओर एक पूर्ण परिक्रमा की अवधि 60,190 पृथ्वी दिन (लगभग 165 पृथ्वी वर्ष) या 89,666 नेपच्यून दिन या 1
- नेपच्यून-वर्ष (≈ 5.2 × 109 सेकंड)। नेपच्यून पर 1 दिन लगभग 16.1 घंटे का होता है।
ध्यान दीजिए कि चरघातांकी वृद्धि कितनी तीव्रता से होती है- 10 6 सेकंड एक पखवाड़े से कम है लेकिन 10 9 सेकंड वृहत 31 वर्ष के समान है (मानव के जीवन काल का लगभग आधा समय)।
1010 सेकंड
≈ 317 वर्ष
चोल राजवंश ने तीसरी शताब्दी सामान्य संवत् पूर्व से 12वीं शताब्दी सामान्य संवत् के मध्य 900 वर्षों (≈ 3 × 1010 सेकंड) से अधिक समय तक शासन किया।
1011 सेकंड
≈ 3,170 वर्ष
पुरातन ज्ञात जीवित वृक्ष की आयु लगभग 5000 वर्ष (≈ 1.57 × 1011 सेकंड)
हिमयुग की अंतिम चरम स्थिति – 19,000 से 26,000 वर्ष पूर्व (≈ 6 × 1011 से 8.2 × 1011 सेकंड)।
1012 सेकंड
≈ 31,700 वर्ष
आदिमानव (प्रारंभिक होमो सेपियंस) सर्ववप्रथम 2-3 लाख वर्ष पूर्व (≈ 7 × 1012 – 9 × 1012 सेकंड) दिखाई दिए थे। उस समय की संपूर्ण मानवीय जनसंख्या एक बड़े क्रिकेट स्टेडियम में समायोजित हो सकती थी।
9. एक डेयरी एक वर्ष में दूध के 8.5 अरब पैकेट के उत्पादन की योजना बनाती है। वह प्रत्येक पैकेट पर एक विशिष्ट पहचान कोड (आई.डी.) दर्शाना चाहती है। यदि वह इसके लिए 0 से 9 तक के अंकों का उपयोग करती है तो बताइए कि कोड कितने अंकों का होना चाहिए?1013 सेकंड
≈ 3.17 लाख वर्ष
ऐसा माना जाता है कि स्टेपी मैमथ (हाथी) लगभग 8 से 18 लाख वर्ष पूर्व प्रकट हुआ था।
1014 सेकंड
≈ 3.17 मिलियन वर्ष
केलेनकेन गिलरमॉई एक प्रकार का आतंकी पक्षी है। इसका जीवाश्म लगभग 15 मिलियन वर्ष (150 लाख वर्ष) ( ≈ ————— )पुराना है।
1015 सेकंड
≈ 3.17 करोड़ वर्ष
-हिमालय की आयु - 5.5 करोड़ वर्ष या 55 मिलियन वर्ष ( ≈ 1.7 * 10 5 सेकंड) इस श्रृंखला में प्रत्येक वर्ष कुछ मिलीमीटर की वृद्धि होती रहती है।
-डायनासोर 6.6 करोड़ वर्ष पूर्व 66 मिलियन पूर्व (≈ 2 × 1015 सेकंड) विलुप्त हो गए थे।-डायनासोर सर्वप्रथम 20 करोड़ या 200 मिलियन पूर्व वर्ष पूर्व (≈ 6 × 1015 सेकंड) दिखाई दिए थे।
-सूर्य को आकाशगंगा के चारों ओर एक पूर्ण परिक्रमा करने में लगभग 23 करोड़ वर्ष (≈ 7 × 1015 सेकंड) लगते हैं।
1016 सेकंड
≈ 31.7 करोड़ वर्ष
पृथ्वी पर पौधों की उत्पत्ति लगभग 47 करोड़ या 470 मिलियन वर्ष पूर्व (≈ –––––– सेकंड) हुई थी।
1017 सेकंड
सर्व पुरातन जीवाश्म के साक्ष्यों के अनुसार बैक्टीरिया लगभग 3.7 अरब वर्ष पूर्व दिखाई दिए थे।
आकाशगंगा का निर्माण 13.6 बिलियन या अरब वर्ष पूर्व हुआ था साथ ही ब्रह्मांड का निर्माण लगभग 13.8 अरब वर्ष पूर्व हुआ था।
ध्यान दीजिए कि एक मानव का जीवनकाल 109 सेकंड का है जबकि आधुनिक भौतिकी के 1018 सेकंड समय पूर्व ब्रह्मांड अस्तित्व में ही नहीं था! अतः चरघातांकी संकेतन द्वारा बहुत बड़ी संख्याओं को संक्षिप्त रूप में लिखा जा सकता है।
? गणना कीजिए और वैज्ञानिक संकेतन का उपयोग करते हुए उत्तर लिखिए।
- (i) यदि एक तारे की गणना में 1 सेकंड का समय लगता है तो इस ब्रह्मांड में स्थित सभी तारों की गणना में कितना समय लगेगा? वैज्ञानिक संकेतन का उपयोग करते हुए उत्तर को सेकंड की संख्या के रूप में लिखिए।
- (ii) यदि एक व्यक्ति एक गिलास पानी (200 मिलीलीटर) 10 सेकंड में पीता है तो पृथ्वी पर उपलब्ध संपूर्ण पानी को पीने में उसे कितना समय लगेगा?
बहुत बड़ी संख्याएँ प्रायः हमारे अनुभव और समझ से परे होती हैं। इसे समझने के लिए उन्हें हम उन संख्याओं से जोड़ सकते हैं एवं उनकी तुलना कर सकते हैं जिनसे हम परिचित हैं। इससे हमें यह ज्ञात होता है कि कोई संख्या या माप कितना बड़ा है।
2.5 इतिहास की एक झलक
प्रथम शताब्दी सामान्य संवत् पूर्व के बौद्ध ग्रंथ ललितविस्तर में हम संख्या नाम में 10 की विषम घात 10 53 तक देखते हैं। गणितज्ञ अर्जुन और बोधिसत्व राजकुमार गौतम के बीच हुए संवाद में जो घटित होता है वह निम्नलिखित है-
"100 कोटि को एक अयुत (109), सौ अयुत को एक नियुत (1011), सौ नियुत को एक कंकार (1013), ... सौ सर्व-बल को एक विसंज्ञ-गति (1047), सौ विसंज्ञ-गति को एक सर्वज्ञ (1049), सौ सर्वज्ञ को एक विभुतंगम (1051), एक सौ विभुतंगम को एक तल्लाक्षण (1053) कहा जाता है।"
महावीराचार्य अपने ग्रंथ गणित-सार-संग्रह में 24 पदों (अर्थात् 1023 तक) की एक सूची प्रदान करते हैं। एक अज्ञात जैन ग्रंथ अमलसिद्धि में प्रत्येक 10 की घात से 1096 तक (दश-अनंत) के नाम के साथ एक सूची दी गई है।
कच्चायन एक पाली व्याकरण ग्रंथ में 10140 तक के संख्या नामों की सूची दी गई है जिसका नाम असंख्येय है।
जैन और बौद्ध ग्रंथों में 10 की बड़ी घातों को व्यक्त करने के लिए आधार, जैसे – सहस्स (हजार) और कोटि (दस मिलियन) का उपयोग किया गया। उदाहरण के लिए प्रयुत (106) दस सत-सहस्स (दस सौ हजार) होगा।
आधुनिक नामकरण भी इसके समान ही है इन्हें हम कहते हैं -
एक सौ हजार = एक लाख हैं
100 × 1000 = 1,00,000
102 × 103 = 105एक सौ लाख = एक करोड़ हैं
100 × 1,00,000 = 1,00,00,000
102 × 105 = 107एक सौ करोड़, एक अरब है।
100 × 1,00,00,000 =
102 × 107 = 109 =1,00,00,00,000एक सौ अरब, एक खरब है।
100 × 1,00,00,00,000 = 1,00,00,00,00,000
102 × 109 = 1011इसी क्रम में आगे बढ़ते हुए एक सौ खरब एक नील (1013) होता है, एक सौ नील एक पद्म (1015) होता है, एक सौ पद्म एक शंख (1017) होता है और एक सौ शंख एक महाशंख (1019) होता है।
अमरीकी या अंतरराष्ट्रीय पद्धति में हम कहते हैं -
एक हजार हजार, एक मिलियन है।
1000 × 1000 = 1000,000
103 × 103 = 106एक हजार मिलियन, एक बिलियन है।
1000 × 1,000,000 = 1,000,000,000
103 × 106 = 109एक हजार बिलियन, एक ट्रिलियन है।
1000 × 1,000,000,000 = 1,000,000,000,000
103 × 109 = 1012इसी क्रम में आगे बढ़ते हुए एक हजार ट्रिलियन एक क्वाड्रिलियन (1015) है। यह प्रतिरूप आगे भी चलता रहता है।
इन नामों को ध्यान से देखिए —
मिलियन (106),
बिलियन (109),
ट्रिलियन (1012),
क्वाड्रिलियन (1015),
क्विनटिलियन (1018),
सेक्सटिलियन (1021),
सेप्टिलियन (1024),
ओक्टलियन (1027),
नोनिलियन (1030),
डेकिलियन (1033)? प्रत्येक नाम का पहला भाग क्या दर्शाता है?
संख्या 10100 को गूगोल भी कहा जाता है। ब्रह्मांड में परमाणुओं की आकलित संख्या 1078 से 1082 है। संख्या 10गूगोल को गूगोलप्लेक्स कहते हैं। यह कल्पना करना कठिन है कि यह संख्या कितनी बड़ी है।
वर्तमान समय में भारत में सबसे अधिक मूल्य का मुद्रा नोट ₹500 का है। अनुमान लगाइए कि पूरे विश्व में अब तक का सबसे अधिक मूल्य का मुद्रा नोट कौन-सा है?
अब तक का सबसे अधिक मूल्य का एक विशेष बैंक नोट 1 सेक्सटिलियन पेंगो (1021 या 1 मिलियर्ड बिलपेंगो) है। यह वर्ष 1946 में हंगरी में मुद्रित हुआ था परंतु इसे कभी जारी नहीं किया गया।
वर्ष 2009 में जिम्बाब्वे में 100 ट्रिलियन (1014) मूल्य का जिम्बाब्वियन डॉलर का नोट मुद्रित किया गया था। छपाई के समय इसका मूल्य लगभग $30 था।
? आइए, पता लगाएँ
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1.(2224) / (432) के मान में इकाई अंक को ज्ञात कीजिए।
[संकेत – 4 = 22] - 2. एक बक्से में 5 बोतलें हैं। प्रत्येक दिन एक नया बक्सा लाया जाता है। 40 दिन के पश्चात वहाँ कितनी बोतलें होंगी?
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3. नीचे दी गई संख्या को दो या दो से अधिक घातों के गुणनफल के रूप में तीन भिन्न-भिन्न प्रकारों से लिखिए।
घातें कोई भी पूर्णांक हो सकती हैं।
- (i) 643
- (ii) 1928
- (iii) 32-5
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4. नीचे दिए गए प्रत्येक कथन की जाँच कीजिए और बताइए कि यह
सदैव सत्य है, कभी-कभी सत्य है या कभी सत्य नहीं है।
- (i) घन संख्याएँ भी वर्ग संख्याएँ होती हैं।
- (ii) चतुर्थ घात वर्ग संख्याएँ भी होती हैं।
- (iii) किसी संख्या की पाँचवी घात उस संख्या के घन से विभाज्य होती है।
- (iv) दो घन संख्याओं का गुणनफल एक घन संख्या होती है।
- (v) q46 एक चतुर्थ घात और एक छठी घात दोनों है (q एक अभाज्य संख्या है)।
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5. इन्हें सरल कीजिए और घातांकीय रूप में लिखिए।
- (i) 10-2 × 10-5
- (ii) (57) / (54)
- (iii) (9-7) / (94)
- (iv) (13-2)-3
- (v) m5 n12 (mn)9
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6.यदि 122 = 144 है तो निम्न का मान क्या होगा?
- (i) (1.2)2
- (ii) (0.12)2
- (iii) (0.012)2
- (iv) 1202
-
7. समान संख्याओं पर घेरा लगाइए।
24 × 36 64 × 32 610
182 × 62 624
- 43 या 34
- 28 या 82
- 1002 या 2100
10. 64 एक वर्ग संख्या (82) और एक घन संख्या (43) है। क्या ऐसी और भी संख्याएँ हैं जो वर्ग और घन दोनों हों? क्या ऐसी संख्याओं को ज्ञात करने की कोई सामान्य विधि है?
11. एक डिजिटल लॉकर का 5 अक्षरांकीय (एल्फान्यूमेरिक) वाला गुप्त संकेत है जिसकी लंबाई 5 है। इसमें अंक एवं अक्षर दोनों हो सकते हैं। गुप्त संकेत (पासकोड) के कुछ उदाहरण G89PO, 38098, BRJKW और 003AZ हैं। इस प्रकार के कितने गुप्त संकेत संभव हैं?
12. वर्ष 2024 में संपूर्ण विश्व में भेड़ों की संख्या लगभग 109 थी और बकरियों की संख्या भी लगभग भेड़ों के समान ही थी। बताइए कि भेड़ों और बकरियों की कुल संख्या कितनी है?
(i) 209
(ii) 1011
(iii) 1010
(iv) 1018
(v) 2 × 109
(vi) 109 + 109
13. गणना कीजिए और अपने उत्तर को वैज्ञानिक संकेतन में लिखिए।
(i) यदि विश्व में प्रत्येक व्यक्ति के पास 30 वस्त्र हों तो वस्त्रों की कुल संख्या ज्ञात कीजिए।
(ii) विश्व में लगभग 100 मिलियन मधुमक्खियों के छत्ते हैं। यदि प्रत्येक छत्ते में 50,000 मधुमक्खियाँ हों तो मधुमक्खियों की कुल संख्या ज्ञात कीजिए।
(iii) मानव शरीर में लगभग 38 ट्रिलियन (380 खरब) जीवाणु कोशिकाएँ होती हैं। विश्व के सभी मानवों के शरीर में रहने वाले जीवाणुओं की संख्या ज्ञात कीजिए।
(iv) संपूर्ण जीवनकाल में खाने में व्यतीत किया गया कुल समय सेकंडों में ज्ञात कीजिए।
14. आज से 1 बिलियन (1 अरब) सेकंड पूर्व क्या दिनांक थी?
सारांश
-हमने कुछ स्थितियों का विश्लेषण किया, प्रश्न पूछे और पहले अनुमान लगाया। इसके पश्चात समस्या कथन की रूपरेखा बनाकर गणना करने के लिए अभिधारणा और सन्निकटन का प्रयोग करके उत्तर प्राप्त किए।
-हमने अनुभव किया कि कैसे तीव्र चरघातांकी वृद्धि, जिसे गुणनात्मक वृद्धि भी कहते हैं, की तुलना योगात्मक वृद्धि से की जा सकती है।
-n × n × n × n × ... × n को na (अर्थात n को स्वयं से a बार गुणा करने पर) n-a = 1 / na लिख सकते हैं।
-घातांक के साथ संक्रियाएँ निम्न की पुष्टि करती हैं -
- na × nb = na+b
- (na)b = nb×a na×b
- na / nb = na-b (n ≠ 0)
- na × ma = (n × m)a
- na / ma = (n / m)a (m ≠ 0)
- n0 = 1 (n ≠ 0)
-संख्या 308100000 के लिए वैज्ञानिक संकेतन 3.081 × 108 है।
किसी भी संख्या के वैज्ञानिक संकेतन के लिए मानक रूप x × 10y है, जहाँ x ≥ 1 और x < 10 तथाा y एक पूर्णांंक हैै।
रोचक विचार प्रयोगों में सलंग्न होना यह समझने में उपयोग किया जा सकता है कि कोई संख्या या मात्रा वास्तव में कितनी बड़ी है।
पहेली का समय !
दस में आश्चर्यजनक !इस खेल को खेलने के लिए एक साथी को साथ लीजिए। प्रत्येक खिलाड़ी 10 सेकंड में केवल 0 से 9 अंकों और अंकगणितीय संक्रियाओं का उपयोग करके एक संख्या या व्यंजक लिखते हैं। उनके द्वारा लिखी गई संख्याओं में जिसकी संख्या बड़ी होगी वह इस चरण का विजेता होगा।
10000000 000000
999999 × 999999
पहले चरण में रॉक्सी ने 1000000000 0000 लिखा और एस्तु ने 999999 × 999999 लिखा। इन दोनों संख्याओं में रॉक्सी की संख्या बड़ी है। क्या आप बता सकते हैं क्यों?
रॉक्सी की संख्या 1013 है जबकि एस्तु की संख्या (106)2 से छोटी है।
रॉक्सी: 101000 + 101000 + 101000 + 101000
एस्तु: (10100000) × 9000
क्या आप बता सकते हैं कि इनमें से कौन-सी संख्या बड़ी है?
खेल के संभावित नियम
नीचे कुछ स्थितियाँ दी गई हैं जिन पर आप भिन्न-भिन्न चरणों के लिए विचार कर सकते हैं:
- (i) घातांक की अनुमति नहीं है। केवल योग की अनुमति है।
- (ii)घातांक की अनुमति नहीं है। केवल योग और गुणा की अनुमति है।
- (iii) घातांक की अनुमति है। केवल योग की अनुमति है।
- (iv) घातांक की अनुमति है। किसी भी अंकगणितीय संक्रिया की अनुमति है।
आप स्वयं के नियम बना सकते हैं या अधिक व्यक्तियों को खेल में सम्मिलित कर सकते हैं।
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107 सेकंड ≈ 115.7 दिन
≈ 3.8 मास

इस डायनासोर का कंकाल कितना पुराना है?
यह 70 मिलियन (7 करोड़) 15 वर्ष पुराना है।
जब मैंने यहाँ कार्य करना प्रारंभ किया था तब यह 70 मिलियन (7 करोड़) वर्ष पुराना
था।